आरोपी के पिता ने भी दी तहरीर
महंत के भाई पर आरोप लगाते हुए रोहित के पिता तेजपाल की ओर से भी तहरीर दी गई, लेकिन पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। आरोप है कि रोहित ने योगेंद्र को 26 हजार रुपये देकर मनौना धाम परिसर में किराये पर दुकान ली थी। इसी दुकान से वह परिवार का भरण पोषण कर रहा था। दो महीने पहले बिना पूर्व सूचना उसकी दुकान को उखाड़ कर फेंक दिया गया। दुकान का काफी सामान भी ले गए। इसके बाद उनके बेटे के खिलाफ ही रिपोर्ट दर्ज करा दी। बृहस्पतिवार की देर रात तक प्रकरण को लेकर भाजपा के कई छुटभैय्या नेता भी दोनों पक्षों में समझौता कराने के लिए थाने में डटे रहे।
सीओ आंवला नितिन कुमार ने बताया कि नाजायज तरीके से दबाव बनाकर मांग मनवाने के लिए युवक टावर पर चढ़ा था। शिकायत सामान्य तरीके से भी की जा सकती थी। पिता-पुत्र का आपराधिक इतिहास है। हल्का इंचार्ज की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज की गई है।