1986 में बीकॉम दो साल से बढ़ाकर तीन साल का कर दिया गया। जिन छात्रों के पास बारहवीं में कामर्स नहीं होता था, उन्हें भी बीकॉम में प्रवेश मिल जाता था, लेकिन पिछले दो-तीन वर्षों से इसपर रोक लगा दी गई। इससे कई कॉलेजों को सीटें भरना मुश्किल हो गया। अब इस रोक को हटा दिया गया है। अब कला और विज्ञान के छात्र भी बीकॉम की पढ़ाई कर सकेंगे।
इस फैसले के बाद डॉ. प्रवीन अग्रवाल ने कहा कि जब बाकी कोर्स में ग्रेस मार्क्स मिल सकते हैं तो बीकॉम आनर्स में क्यों नहीं। बीओएस में इस पर संस्तुति हो गई है। बाकी विषयों के साथ बीकॉम आनर्स की भी इम्प्रूवमेंट परीक्षा होगी। इसके अलावा कला और विज्ञान वर्ग के छात्र भी बीकॉम में प्रवेश ले सकेंगे।