बरेली। जिला पंचायत के शपथ ग्रहण समारोह में मंच पर सपा जिलाध्यक्ष वीरपाल सिंह यादव कभी गंभीर मुद्रा में तो कभी हंसी-मजाक में बहुत कुछ कह गए। इशारों-इशारों में उन्होंने जता दिया कि चुनाव जिताने में जिसकी जो भूमिका रही हो लेकिन अब जिला पंचायत वैसी ही चलेगी जैसा वह चाहते हैं। यह भी संकेत दे दिए कि जिला पंचायत की नवगठित ‘सरकार’ में अकेले संजय सिंह निर्णय नहीं लेंगे। बोले- संजय अध्यक्ष हैं, युवा हैं लेकिन सब मिलजुलकर जिला पंचायत को चलाएंगे। वरिष्ठजनों का अनुभव और युवाओं का जोश जिला पंचायत के जरिए बरेली जिले का विकास करेगा। वीरपाल सिंह यादव ने अध्यक्ष और सारे सदस्यों को दलगत राजनीति से अलग हटकर काम करने की नसीहत दी। बोले- विभिन्न दलों के बैनर वाले सदस्यों ने हमें सम्मान दिया है। अपना वोट देकर अध्यक्ष बनाया है। इनसे हमने वायदा किया कि सबको बराबर काम मिलेगा, कोई पक्षपात नहीं होगा इसलिए हमें किसी सदस्य को कमतर नहीं आंकना है।
नवाबगंज विधायक भगवत सरन गंगवार ने अपने संबोधन में अध्यक्ष संजय सिंह को कर्त्तव्यनिष्ठा के साथ काम करने की सलाह दी। कहा कि वह बरेली का ऐसा विकास कराएें कि यह कार्यकाल स्वर्णिम युग बना जाए। मेयर डॉ. आईएस तोमर ने कहा कि जिला पंचायत की जिम्मेदारी नगर निगम से भी ज्यादा है, क्योंकि उसके पास जिले के 70 फीसदी ग्रामीण क्षेत्र के विकास की जिम्मेदारी है। सपा के प्रदेश सचिव डॉ. जाहिद खां, महानगर अध्यक्ष जफर बेग, ने भी विचार रखे। डीएम गौरव दयाल ने कहा कि जिला पंचायत को व्यक्ति, पार्टी और क्षेत्रवाद से ऊपर समान रूप से उठकर विकास के लिए काम करने चाहिए।
महिपाल ने जो कहा, हो गया
मंच से संबोधन में पूर्व विधायक महिपाल सिंह ने जिला पंचायत से अपना 35 साल का नाता जाहिर किया। कहा कि उनकी पत्नी सरोज अध्यक्ष रही हैं और लगातार पांच साल से सदस्य हैं। वह खुद भी सदस्य रहे हैं। उन्होंने सदस्याें को सुझाव दिया कि वह पहली बैठक में जिला पंचायत की विभिन्न समितियों के लिए नाम तय करने के बजाय अध्यक्ष को ही इन समितियों के अध्यक्ष बनाने के लिए अधिकृत कर दें। बाद में उनके इस सुझाव पर बैठक में अमल भी हो गया।
शहजिल का वीरेंद्र सिंह पर निशाना
भोजीपुरा विधायक शहजिल इस्लाम ने अपने संबोधन में बसपा के बिथरीचैनपुर विधायक वीरेंद्र सिंह पर निशाना साध ही दिया। बोले- पिछले जिला पंचायत बोर्ड के कार्यकाल में जो हुआ किसी से छुपा नहीं है। एक ही पक्ष के विधायक के क्षेत्र में बहुत ज्यादा काम कराए गए। बोले- लेकिन अब ऐसा न हो तभी बेहतर है।
न विरोधी आए न विपक्षी
बरेली। जिला पंचायत अध्यक्ष और सदस्यों की शपथ ग्रहण का समारोह वैसे तो सरकारी था लेकिन यह सपा का शो बन गया। शपथ की औपचारिकता पूरी कराकर डीएम गौरव दयाल गांव की रात्रि चौपाल की थकान दूर करने के बहाने से वह कब समारोह से निकल गए, नेताओं को भी पता नहीं चला। अध्यक्ष संजय सिंह अपने संबोधन में मंचासीन डीएम और सीडीओ को भूल ही गए थे। जिला पंचायत की ओर से बनवाया गया संजय कम्यूनिटी हाल सभागार के मंच के पीछे लगा शपथ ग्रहण समारोह का बड़ा सा बैनर ही पूरी तरह सपा रंग में रंगा हुआ था।
कार्यक्रम की शुरुआत में मंच की अग्रिम पंक्ति में डीएम और सीडीओ के अलावा जिला पंचायत अध्यक्ष संजय सिंह, मेयर डॉ. आईएस तोमर, सपा जिलाध्यक्ष वीरपाल सिंह यादव, पूर्व सांसद सर्वराज सिंह, भोजीपुरा विधायक शहजिल इस्लाम, पूर्व विधायक महिपाल सिंह यादव बैठे थे। पूर्व मंत्री भगवत सरन गंगवार थोड़ा विलंब से पहुंचे । लोगों की नजरें फरीदपुर विधायक डॉ. सियाराम सागर और बहेड़ी विधायक अताउररहमान को टटोलने लगीं लेकिन वह नहीं आए। सागर की पुत्रवधु जिला पंचायत सदस्य कल्पना लगभग 12 बजे पहुंचीं तब तक सदस्यों को शपथ दिलाई जा चुकी थी। उन्होंने विलंब से आए 14 शपथों के लिए साथ शपथ ली। सपा के दो विधायकों को छोड़कर दूसरे दलों से कोई विधायक समारोह में नहीं आए। दोनों सांसदों ने भी आना मुनासिब नहीं समझा। जिला पंचायत की पूर्व अध्यक्ष नीरू पटेल भी नहीं थी। बसपा जिलाध्यक्ष राजेश सागर सदस्य के रूप में अपनी शपथ लेने के बाद चले गए।