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Bareilly News: एस्टीमेट में उलझे विकास के काम, शिकायतें का हो रहा कागजी समाधान

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बरेली। नगर निगम के समाधान दिवस और जनसुनवाई पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण का बुरा हाल है। विकास के काम एस्टीमेट से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। अफसर शिकायतों के निस्तारण के नाम पर कागजी खानापूरी कर रहे हैं। कहीं, आधा-अधूरा समाधान कर पल्ला झाड़ रहे हैं। इससे शिकायकर्ता संतुष्ट नहीं हैं। नगर क्षेत्र से जुड़ी दस शिकायतों की पड़ताल में यह हकीकत सामने आई।
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नगर निगम के मुख्य अभियंता मनीष अवस्थी का दावा है कि समाधान दिवस और जनसुनवाई पोर्टल पर आए मामलों में तत्काल जेई और एई मौके पर जा रहे हैं। जैसे-जैसे काम स्वीकृत होंगे, वैसे-वैसे उन्हें कराएंगे। पानी की पाइपलाइन का लीकेज ठीक करने के बाद सड़क नहीं बनाने के मामले में जलकल अभियंता ईश्वर सिंह ने मामले को दिखवाने की बात कही। ब्यूरो
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नाला लोक निर्माण विभाग पर टाला, खोदकर छोड़ी सड़क
मिनी बाइपास पर इलाहाबाद बैंक के पास रहने वाले विजय कुमार ने बताया कि वह मोहल्ले वालों के साथ नगर निगम में सड़क खराब होने की शिकायत कर आए थे। इसके बाद सड़क खोदकर डाल दी गई। नाले को लोक निर्माण विभाग पर टाला गया है। हम नगर निगम को टैक्स देते हैं तो सुविधाओं की उम्मीद भी उसी से करेंगे।
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निस्तारण से संतुष्ट नहीं ग्रेटर आकाश कॉलोनी के लोग
ग्रेटर आकाश कॉलोनी के निवासी किशोर ने बताया कि छह अप्रैल को बदहाल सड़क और जलभराव का मुद्दा उठाया था। नगर निगम की ओर से जवाब आया है कि एस्टीमेट बनवा रहे हैं, लेकिन मौके पर घर से निकलना दुश्वार है। घर के बाहर आज भी पानी भरा है। शिकायत के ऐसे निस्तारण से वह और उनके मोहल्ले वाले संतुष्ट नहीं हैं।
कैंफर स्टेट कॉलोनी के लोगों को भी मिला आश्वासन
सीबीगंज की कैंफर स्टेट कॉलोनी के किशनराज गिरि ने बताया कि नगर निगम में आश्वासन के सिवा कुछ नहीं मिलता। उन्हें दौड़ते हुए तीन महीने से ज्यादा समय हो गया, लेकिन अभी तक न तो उनके मोहल्ले की सड़क बनी, न ही जलनिकासी का इंतजाम हुआ। काम सिर्फ एस्टीमेट तक सीमित है। कब राहत मिलेगी, पता नहीं।
अधिकारी आए, फोटो खिंचवाई और हो गया समाधान
मढ़ीनाथ के राजीव गांधी नगर स्थित कोचिंग वाली गली में जलभराव की समस्या के समाधान के लिए अधिकारी मौके पर आए। निरीक्षण किया और फोटो भी खिंचवाई। बोले- जल्द एस्टीमेट बनेगा, पर समस्या का समाधान नहीं हुआ। यहां के निवासियों का कहना है कि शिकायत के बाद भी समाधान नहीं मिला।
एस्टीमेट में फंसी वंशीनगला की जलनिकासी
मढ़ीनाथ स्थित वंशीनगला निवासी सौरभ सक्सेना ने बताया कि दस दिन पहले मोहल्ले के आठ-दस लोगों के साथ शिकायत करने नगर निगम गए थे। वहां से जेई आए। जांच की, लेकिन जलनिकासी का इंतजाम अब तक नहीं हुआ। जेई कह रहे हैं कि पक्के नाले का एस्टीमेट बनाएंगे। हम चाहते हैं जलनिकासी का अस्थायी इंतजाम पहले हो जाए।
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