लालच में फंस गया
उद्यमी का कहना है कि वह ऑनलाइन धोखाधड़ी को लेकर काफी जागरूक हैं। किसी को खाते में रुपये भेजने होते हैं तो पहले एक-दो रुपये डालकर चेक कर लेते हैं। साइबर ठगों ने लालच देकर उन्हें फंसा लिया। उन्हें अंदाजा ही नहीं हुआ कि वह ठगों के जाल में फंस चुके हैं।
सेवानिवृत्त बीमाकर्मी से 1.08 लाख रुपये की ठगी
बिजली का बिल जमा करने के नाम पर सेवानिवृत्त बीमाकर्मी से 1.08 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। शिकायत पर साइबर थाना पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। प्रेमनगर निवासी राजीव सक्सेना सेवानिवृत्त बीमाकर्मी हैं। बृहस्पतिवार को उनके व्हाट्सएप पर मेसेज आया। इसमें ऊर्जा निगम की वेबसाइट के साथ एक मोबाइल नंबर देकर उनसे कहा गया है कि अगर बकाया बिल जमा नहीं किया तो उनकी बिजली काट दी जाएगी।
राजीव सक्सेना ने दिए गए नंबर पर कॉल कर बताया कि उनका बिल जमा है। उधर से कहा गया कि बिल अपडेट नहीं है। अपडेट करने के लिए उनको कुछ ब्योरा देना होगा। इसके बाद उन्होंने वेबसाइट पर बताए गए कॉलम भर दिए। कॉलर ने उनसे कहा कि बिल जमा है, लेकिन इसके लिए सब्सक्राइब कराना होगा जिसके लिए तीन रुपये जमा होंगे।
कॉलर ने उनसे यह भी पूछा कि क्या वह बिल ऑनलाइन जमा करते हैं। उनके हां कहने पर कॉलर ने बैंक और बैंक कार्ड की डिटेल भी दर्ज करा ली। कुछ ही मिनट में उनके खाते से 45,800 रुपये कट गए। इसके बाद छह अन्य ट्रांजेक्शन में खाते से 1.08 लाख रुपये साफ हो गए। राजीव ने बैंक पहुंचकर अपना खाता फ्रीज कराया। टोल फ्री नंबर पर शिकायत दर्ज कराई। अब साइबर थाना पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।