सितंबर 2015 में जगतपुर पनवड़िया में जल निकासी के काम के दौरान भिड़े पार्षद और जेई के मामले में हुई एफआईआर के बाद सोमवार को भाजपा पार्षद रूपेंद्र पटेल ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया। हालांकि कोर्ट ने उनकी जमानत अर्जी खारिज कर दी। उधर, भाजपा नेताआें ने पार्षद की गिरफ्तारी के बाद नगर निगम के खिलाफ मोर्चा खोलने का एलान किया है। मंगलवार को कार्यकर्ता मंडलायुक्त को ज्ञापन भी देंगे।
सभासद अपने साथियों के साथ दीवानी न्यायालय परिसर पहुंचे और अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के कक्ष संख्या प्रथम में शक्ति सिंह की कोर्ट में आत्म समर्पण किया। इससे पहले दामोदर स्वरूप पार्क में पार्षद रूपेंद्र पटेल के समर्थन में लोग जुटे। रूपेंद्र पटेल ने कहा कि उन्हाेंने नागरिकाें की समस्याआें को ध्यान में रखकर आवाज उठाई थी। जेई ने महिला से अभद्रता की थी, जिसके बाद उन्होंने विरोध जताया तो जेई कपिल मोहन ने झूठे आरोप लगाकर एफआईआर दर्ज कराई। भाजपा के महानगर अध्यक्ष उमेश कठेरिया ने कहा कि अधिकारी अपनी कार्यशैली निष्पक्ष करें नहीं तो सूची बनाई जा रही है सभी की जांच कराई जाएगी। धरने में यतिन भाटिया, मोहित कपूर, चंद्र प्रकाश, सूर्यकांत, अजय जेटली, उदित सक्सेना, ब्रजेश मिश्रा, विपुल लाला, राजकुमार गुप्ता, राजेश अग्रवाल, वीरेंद्र अरोड़ा, नरेश शर्मा बंटी, प्रदीप चंद्र, बंटी ठाकुर, रंजीत रस्तोगी, शिवानी शर्मा आदि शामिल रहे।
यह था मामला
पनवड़िया में जल निकासी के लिए निर्माण कार्य चल रहा था। कमीशन की बात को लेकर पार्षद और जेई में झगड़ा शुरू हो गया। मामला इतना बढ़ गया कि मारपीट की नौबत आ गई। एक अन्य पार्षद ने स्थिति संभाली। इसके बाद नगर निगम में पार्षद पर कार्रवाई की मांग को लेकर धरना प्रदर्शन भी कर्मचारियाें ने किया था।