मप्र की लड़कियों को लाने के लिए बरेली से ले गए थे बुर्के
- फोटो : Burqe was taken from Bareilly to bring the girls of MP
तस्लीम और मुस्तकीम ने मध्य प्रदेश से लड़कियों को लाने के लिए बरेली से बुर्का ले गए थे। छठ पूजा के बहाने घर से निकली लड़कियों को बुर्का पहनाकर ट्रेन से बरेली लाया गया। ठिरिया की एक मजार पर लड़कियों का धर्मांतरण करवाने के बाद दोनों आरोपियों ने निकाह पढ़ा था। कैंट पुलिस ने मध्य प्रदेश की दोनों लड़कियों को बरामद होने के दूसरे दिन घटनाक्रम से पर्दा उठा दिया। इंस्पेक्टर बृजेश सिंह ने बताया कि दोनों लड़कियों को कोर्ट में पेश करने के बाद अब मध्य प्रदेश भेजा जा रहा है। कोर्ट में लड़कियों ने दोनों युवकों के साथ अपने प्रेम संबंधों को स्वीकार किया है। मुस्तकीम के पिता अमजद अली खां उर्फ बड़े पेशे से चौकीदार हैं। उन्होंने बताया कि मुस्तकीम करीब 18 महीने पहले मेरठ में मजदूरी करने पड़ोस के लड़के तस्लीम के साथ मेरठ गया था। मेरठ में ही दोनों की मुलाकात 16 वर्षीय और 17 वर्षीय चचेरी बहनों से हुई थी। दोनों परिवार के साथ मध्यप्रदेश के झुमटा गुन्नौर से मजदूरी करने के लिए आई थी। तस्लीम का एक लड़की से प्रेम प्रसंग हुआ था। उन्होंने बताया कि नोटबंदी के बाद मेरठ में काम बंद हो गया। लड़कियां अपने परिवार के साथ मध्य प्रदेश लौट गईं। मुस्तकीम और तस्लीम कैंट वापस लौट आए। मुस्तकीम काम के लिए सितारगंज चला गया। इधर तस्लीम की मोबाइल पर एक लड़की से बात होती थी।
ढाई महीने पहले तस्लीम के मोबाइल पर लड़की का फोन आया था कि छठ पूजा होने वाली है। इस मौके पर उसकी शादी भी तय की जा रही है। वह मेले के बहाने घर से निकल सकेगी। तस्लीम ने सितारगंज से मुस्तकीम को साथ में लिया था। दोनों ने बरेली से काले रंग के दो बुर्के खरीदे थे। मध्यप्रदेश में मेले के बहाने के दोनों लड़कियों बुर्के में ट्रेन के जरिये बरेली पहुंचे थे।
ठिरिया की मजार पर हुआ था धर्मांतरण
अमजद अली ने बताया कि दो महीने दस दिन पहले ठिरिया की मजार पर दोनों लड़कियों का धर्मांतरण करवाया गया था। तस्लीम का निकाह मजार पर हुआ, जबकि मुस्तकीम का निकाह घर पर हुआ था। निकाह के बाद अरमान के घर मुस्तकीन रहने लगा था। मध्य प्रदेश की पुलिस की छापेमारी में लड़कियों के पकड़े जाने के बाद तस्लीम गिरफ्तार हो चुका है। पुलिस ने उसे जेल भेज दिया। जबकि मुस्तकीन की गिरफ्तारी के लिए दबिशें दी जा रही है।