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हत्यारोपियों को बचाने में तिलहर थाने का दरोगा निलंबित

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शाहजहांपुर। दरोगा मेहर चंद्र को हत्यारोपियों को बचाना महंगा पड़ा। कांट थाने की चौकी कुर्रिया कलां के इंचार्ज रहने के दौरान उन्होंने युवती की हत्या का खुलासा करने की बजाय आरोपियों से रकम ले ली थी और मामले को दबा दिया था। जांच में खुलासा होने पर एसपी एस आनंद ने उन्हें निलंबित कर दिया है। फिलहाल वह खुदागंज थाने में तैनात थे।
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तिलहर थाना क्षेत्र के गांव जोधपुर नवादिया के समीप सड़क पर 27 मई 2019 को एक युवती की लाश लावारिस हालत में मिली थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में युवती की गला दबाकर हत्या करने की पुष्टि हुई थी। इस पर अज्ञात के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। करीब 16 महीने बाद मंगलवार को तिलहर पुलिस ने घटना का खुलासा किया।
कोतवाल जसवीर सिंह ने बताया कि युवती लखनऊ के काकोरी खेड़ा निवासी छोटेलाल की पुत्री सलोनी थी। थाना कांट के गांव ताहरपुर निवासी रावेंद्र से मोबाइल पर चैटिंग के दौरान युवती का प्रेम प्रसंग शुरू हुआ। रावेंद्र दिल्ली के गुड़गांव में काम करता था। इसके बाद रावेंद्र अपने साथ सलोनी को घर कांट ले आया और बतौर पत्नी रखने लगा। मगर यहां आने के कुछ दिन बाद ही घर में विवाद होने लगा। सलोनी ने एक दिन रवेंद्र की मां के थप्पड़ मार दिया था। इस पर पूरा घर नाराज हो गया और सलोनी की हत्या कर दी गई। पुलिस ने हत्यारोपी रावेंद्र के भाई देवेंद्र समेत दो लोगों को हिरासत में ले लिया है। पूछताछ में पता चला कि सलोनी की हत्या में रावेंद्र व देवेंद्र के अलावा संतराम व देवनारायण भी शामिल रहे। हत्या करने के बाद शव तिलहर के सुनसान क्षेत्र में फेंक दिया था। सलोनी को बीमार दर्शाने के लिए देवेंद्र ने ग्लूकोज वाली सीरिंज लगा दी।
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उधर, सलोनी के परिजन उसे तलाशते हुए शाहजहांपुर पहुंचे। यहां पहुंचने पर उन्हें सलोनी की हत्या किए जाने का पता चला। तब उन्होंने कांट थाने जाकर शिकायत की। उस दौरान दरोगा मेहर चंद्र कुर्रिया कलां चौकी के इंचार्ज थे, इसलिए मामले की जांच उन्हें सौंप दी गई। मामले की छानबीन के दौरान दरोगा मेहर चंद्र को घटना और हत्यारोपियों के बारे में पता चल गया था। आरोप है कि उन्होंने हत्यारोपियों को गिरफ्तार करने के बजाय उनसे रकम ले ली और सलोनी के परिवार वालों को चलता कर दिया। उसके बाद सलोनी के परिवार वाले इधर-उधर भटकते रहे। इसी बीच एक दिन सलोनी के परिजन एसपी एस आनंद से मिले और उन्होंने कांट थाना पुलिस को घटना का खुलासा करने के निर्देश दिए।
उधर, तिलहर इलाके में युवती की लाश मिलने का मामला दर्ज था। इसलिए तिलहर पुलिस भी मामले की छानबीन कर रही थी। मंगलवार को तिलहर पुलिस ने घटना का खुलासा कर दिया। मुल्जिम सलोनी का प्रेमी रावेंद्र और उसके परिवार वाले निकले। पुलिस ने हत्यारोपी रावेंद्र के भाई देवेंद्र समेत दो लोगों को हिरासत में लेकर जेल भेज दिया था।
उधर, दरोगा मेहर चंद्र को कुर्रिया कलां चौकी से हटाकर खुदागंज थाने में भेज दिया गया था। तफ्तीश के दौरान सलोनी की हत्या दबाने का मामला सामने आया था। इसका पता लगने पर एसपी एस आनंद ने मामले की गोपनीय जांच कराई, जिसमें दरोगा मेहर चंद्र पर हत्या का मामला दबाने व हत्यारोपियों से रकम लिए जाने की बात साबित हो गई। इस पर एसपी ने दरोगा मेहर चंद्र को निलंबित कर दिया। उसके खिलाफ विभागीय जांच बैठा दी गई है।
जांच में युवती की हत्या का मामला दबाने और हत्यारोपी से रकम लेने की बात साबित हुई है। जांच रिपोर्ट के आधार पर दरोगा मेहर चंद्र को निलंबित कर दिया गया है और इसकी विभागीय जांच के निर्देश दिए गए है। - एस आनंद, पुलिस अधीक्षक शाहजहांपुर।
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