वह दिल्ली के निजामुद्दीन इलाके में रहती है। अगले दिन वह हजियापुर के युवक के घर भी गई थी और इसके बाद वापस दिल्ली लौट गई थी। विभागीय टीमों ने इस महिला के संबंध में और जानकारी जुटाने के लिए मॉनिटरिंग तेज कर दी है।
महिला के बारे में ज्यादा से ज्यादा जानकारी जुटाने के साथ यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि जब वह बरेली आई थी तो उसकी तबीयत कैसी थी और अब वह किस स्थिति में है।
अमर उजाला ने किया था अलर्ट, फिर भी पुलिस की निगाहों से बच गए दिल्ली से आए लोग
दिल्ली के निजामुद्दीन इलाके में तब्लीगी जमात से देश भर में संक्रमण फैलने की खबरों के दौरान ही बरेली में भी जमात के तमाम लोगों के आने की सूचनाएं आई थीं। अमर उजाला की ओर से लगातार आगाह किए जाने के बाद पुलिस और प्रशासन ने जांच शुरू की तो इस बात की पुष्टि भी हुई कि बुलंदशहर, बहराइच और शाहजहांपुर में हुए जलसों में शिरकत कर तमाम जमाती बरेली लौटे हैं।
तब्लीगी जमातियों के बरेली आने की भी सूचना थी, लेकिन पुलिस इनकी पुष्टि नहीं कर सकी। इस बीच इस तरह की खबरें लगातार आती रहीं कि बरेली लौटे तब्लीगी जमाती लगातार अपने ठिकाने बदल-बदलकर पुलिस के हाथ आने से बचे हुए हैं। हालांकि अभी यह पता नहीं चला है कि ब्रह्मपुर में रहने वाले युवक की साली संक्रमित है या नहीं और उसका जमात से कोई संबंध है या नहीं।
28 अप्रैल को देर रात हुई थी हजियापुर के युवक की मौत
बरेली जिले में 28 अप्रैल को कोरोना संक्रमण से पहली मौत हुई थी। कोविड लेवल दो अस्पताल में भर्ती नगर निगम क्षेत्र के हजियापुर निवासी कोरोना संक्रमित मरीज ने मंगलवार देर रात दम तोड़ दिया था।
35 वर्षीय युवक ने बीते 25 अप्रैल को ही जांच कराई थी, जिसके बाद 27 अप्रैल को उसमें कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई थी। वह पहले से ही मधुमेह का मरीज था और उसे सांस लेने में काफी तकलीफ हो रही थी। संक्रमित युवक एक अस्पताल में मेडिकल प्रैक्टिस करता था, साथ ही टीबी डॉट्स सेंटर भी चलाता था।