बरेली। शासन के दूत के तौर पर प्रमुख सचिव और जिले के नोडल अफसर नवनीत सहगल के बुधवार सुबह बरेली पहुंचने से पहले सिस्टम की नींद टूट गई। शाम को शहर की टूटी-फूटी और गड्ढों से भरी सड़कों पर सजावट का दौर शुरू हुआ तो देर रात तक चलता रहा। छोटे-मोटे गड्ढों को भरा गया तो बड़े गड्ढों पर सफेद पेंट करके घेरा बना दिया गया ताकि वह दूर से ही दिख जाए। तय कार्यक्रम के मुताबिक नवनीत सहगल को बुधवार को इन्हीं सड़कों पर गुजरकर शहर का दौरा करना है। इसी वजह से कुछ इलाकों में सालों से खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को भी दुरुस्त कर दिया गया। उन गली-इलाकों को उनके हाल पर छोड़ दिया जहां प्रमुख सचिव के जाने का संभावना नहीं मानी गई। नोडल अधिकारी बुधवार रात शहर का भ्रमण करेंगे। लिहाजा मंगलवार शाम से ही नगर निगम, पीडब्लूडी और बीडीए की टीमें शहर को चमकाने में जुट गईं। नगर निगम रात में ही विकास भवन समेत सभी मुख्य मार्गों को झाड़ू लगाकर साफ करा दिया। कहीं स्ट्रीट लाइट दुरुस्त की गई कहीं सड़कों पर गड्ढे भरे गए। जेब्रा लाइन भी रात में ही बन गई। नगर आयुक्त आवास के सामने स्पीड ब्रेकर भी इसी अफरा-तफरी में बन गए। अब विभागों की किस्मत का फैसला इस बात से होगा कि सहगल साहब किन सड़कों पर गुजरकर शहर का दौरा करेंगे। दुरुस्त हुई सड़कों पर निकले तब तो ठीक लेकिन अचानक किसी गली या टूटीफूटी और कीचड़ से अटी सड़क पर निकल गए तो अफसरों की शामत आना तय है।
समय: रात 9:30 बजे
स्थान: सर्किट हाउस चौराहा
सफेद पेंट के घेरे में एक फुट गहरा गड्ढा
एक फुट गहरे गड्ढे को भरने के बजाय सफेद पेंट से उसकी घेराबंदी की जा रही थी ताकि वह दूर से ही दिख जाए। हालांकि इसी बीच कुछ देर के लिए बिजली गुल हुई तो सड़क पर पैदल गुजर रहा एक व्यक्ति इसी गड्ढे में पैर फंसने से सड़क पर लड़खड़ा गया। लोगों ने बताया कि यह गड्ढा काफी पुराना है। अफसर भी इस रोड से गुजरते हैं लेकिन फिर भी इसे ठीक नहीं कराया गया।
समय: रात 9:40 बजे
स्थान: पटेल चौक
अंधे डिवाइडर छोड़कर बनाई जेब्रा लाइन
हाल ही में पीलीभीत रोड पर अंधे डिवाइडर से टकराकर दो युवकों की मौत ही थी, लेकिन उसे भूलकर पटेल चौक पर जेब्रा लाइन बनाई जा रही थी। इस काम में लगी हीटिंग मशीन को घरेलू गैस सिलिंडर से चलाया जा रहा था। निगम टीम जब तक इस काम में जुटी रही, सड़क पर ट्रैफिक भी रोक दिया गया।
समय: रात 9:50
स्थान: पटेल चौक-चौपुला मार्ग
पटेल चौक से चौपुला तक अंधेरा
पटेल चौक से चौपुला जाने वाली सड़क पर बायीं ओर लगी स्ट्रीट लाइट पूरी तरह बंद थी। साइन बोर्ड और वाहनों की रोशनी से ही सड़क पर चलना संभव हो था। यह शहर की प्रमुख सड़क है लेकिन गलियों की तरह अंधेरी पड़ी हुई थी।
समय: रात 10:00 बजे
स्थान: श्यामगंज कूड़ाघर
पराली जलाने वाले किसानों पर एफआईआर पर शहर में अफसरों ने ही कूड़ा जलवा दिया
अजीब इत्तफाक दिखा कि जिस दिन जिले भर में पराली जलाने वाले किसानों पर सर्वाधिक एफआईआर दर्ज कराई गईं, ऐन उसी दिन प्रमुख सचिव के आने से पहले सड़कों को कूड़े के ढेरों से साफ करने के लिए नगर निगम के अफसरों ने ही उनमें आग लगवा दी। श्यामगंज के बड़े कूड़ाघर में तो आग लगाए जाने के बाद ऊंची लपटें उठ रही थीं और धुएं और बदबू से आसपास के लोगों का बुरा हाल था। आंखों में जलन होने से भी लोग परेशान थे। पास ही का एक व्यक्ति एक प्लास्टिक केन से पानी भरकर लपटों पर डालकर उसे बुझाने की कोशिश करता नजर आया। चार-पांच केन डालने के बाद लपटें तो बुझ गई, लेकिन बेतहाशा धुआं काफी देर तक लोगों को परेशान करता रहा। आग बुझा रहे लोगों ने बताया कि निगम वाले कूड़े में आग लगा गए थे। उन्हें रोकने की कोशिश की तो बता गए अफसरों का आदेश है।
समय: रात 10:10 बजे
स्थान: आंचल कॉलोनी
इस सड़क की किसी को फिक्र नहीं
श्यामगंज फ्लाईओवर सर्विस लेन से सटी आंचल कॉलोनी के सामने सड़क टूटी पड़ी है। सड़क के गहरे गड्ढे में गंदा पानी भी भरा हुआ है। इससे गड्ढे की गहराई का भी पता नहीं चल रहा है।
समय: रात 10:25 बजे
स्थान: श्यामगंज-सेटेलाइट मार्ग
सेटेलाइट रोड पर भी जलाए कूड़े के ढेर
श्यामगंज से सेटेलाइट रोड तक आधा दर्जन स्थानों पर सड़क के दोनो ओर जगह-जगह कूड़े के ढेर जल रहे हैं। यहां भी धुएं से आसपास के लोग परेशान दिखे।