पूर्व केंद्रीय गृह राज्यमंत्री चिन्मयानंद और एलएलएम की छात्रा प्रकरण में एसआईटी ने अपनी जांच रिपोर्ट पूरी कर ली है। सूत्रों के मुताबिक करीब दो सौ पन्नों की इस जांच रिपोर्ट में सबूत के तौर पर तमाम लोगों के बयान, आरोपियों के मोबाइल डाटा और आवाज मिलान की रिपोर्ट को शामिल किया गया है। हाईकोर्ट में यह जांच रिपोर्ट मंगलवार को पेश की जानी है। सूत्रों के मुताबिक सोमवार रात एसआईटी इलाहाबाद के लिए रवाना हो गई।
एसआईटी ने आईजी नवीन अरोड़ा के नेतृत्व में चिन्मयानंद और छात्रा प्रकरण की जांच छह सितंबर को शुरू की थी। अगले दिन ही सात सितंबर को एसआईटी ने मुमुक्षु आश्रम, एसएस लॉ कॉलेज और हॉस्टल जाकर जांच पड़ताल की। इस दौरान संबंधित लोगों के बयान भी दर्ज किए। 20 सितंबर को एसआईटी ने दुष्कर्म के आरोप में चिन्मयानंद और उनसे फिरौती मांगने के आरोपी छात्रा के तीन दोस्तों संजय, सचिन व विक्रम को जेल भेजा था।
23 सितंबर को एसआईटी ने अपनी शुरूआती जांच रिपोर्ट इलाहाबाद हाईकोर्ट में पेश की थी। दो दिन बाद 25 सितंबर को फिरौती मांगने के आरोप में छात्रा को जेल भेजा गया था। एसआईटी ने करीब डेढ़ महीने की छानबीन के दौरान इस मामले से जुड़े हर एक व्यक्ति से पूछताछ की और सबूत जुटाया।
एसआईटी ने अपनी जांच के दौरान वायरल हुए मालिश वाले वीडियो और चिन्मयानंद से फिरौती मांगने वाले वीडियो की लखनऊ फोरेंसिक लैब में जांच भी कराई जिसमें आवाज आदि की मिलान कराई गई। सभी आरोपियों चिन्मयानंद, फिरौती मांगने की आरोपी छात्रा, उसके दोस्त संजय, सचिन व विक्रम को लखनऊ ले जाया गया था।
उधर, भोपाल लैब में चिन्मयानंद के मोबाइल से डिलीट हुआ डाटा रिकवर हो गया। इन दोनों लैबों की रिपोर्ट को भी एसआईटी ने अपनी जांच रिपोर्ट में शामिल किया है। इसके अलावा आरोपियों, उनसे जुड़े लोगों, मुमुक्षु आश्रम के स्टाफ समेत तमाम लोगों के बयान दर्ज किए गए हैं।