बरेली। होली के मद्देनजर रोडवेज ने दो दिन पहले बसों के फेरों में इजाफा कर दिया। अब यात्रियों की भीड़ बढ़ने के साथ लोकल रूटों पर समस्या बढ़ने लगी है। लंबे रूटों पर जहां बसों की भरमार है, वहीं लोकल रूटों पर यात्रियों को भटकना पड़ रहा है। खासकर रात के समय ज्यादा समस्या हो रही है।
होली पर रोडवेज 780 से ज्यादा बसों का संचालन कर रहा है। सबसे ज्यादा बसें दिल्ली रूट पर लगाई गई हैं। दिल्ली, लखनऊ, देहरादून, हल्द्वानी, जयपुर रूटों पर बसों की कमी नहीं है। दूसरी ओर बरेली-जलालाबाद, बरेली-बीसलपुर, बरेली-बंडा, बरेली-बिलसंडा, बरेली-शाहबाद, बरेली-फर्रुखाबाद आदि रूटों पर बसों की कमी के कारण समस्या हो रही है। बदायूं रोड पर भी रात नौ बजे के बाद बसों की कमी है। ऐसे में सेटेलाइट और पुराना बस अड्डे के आसपास डग्गामार वाहन भी सक्रिय हो गए हैं।
महाकुंभ से लौटने के बाद एआरएम और 25 चालक बीमार
प्रयागराज महाकुंभ से लौटने के बाद से रुहेलखंड डिपो के एआरएम अरुण वाजपेई और 25 चालक बीमार पड़ गए हैं। महाकुंभ से लौटने के बाद 40 चालकों की तबीयत बिगड़ गई थी। इनमें 15 ठीक हो गए हैं, लेकिन 25 अब भी वायरल फीवर और सर्दी, खांसी, जुकाम की गिरफ्त में हैं।
परिक्षेत्र को 32 संविदा चालक और मिले
परिक्षेत्र को पिछले दिनों 36 संविदा चालक मिले थे। अब 32 संविदा चालक और मिल गए हैं। बुधवार को इन चालकों को डिपोवार तैनाती दे दी गई। सेवा प्रबंधक धनजीराम ने बताया कि चालकों की कमी की वजह से बसों का संचालन प्रभावित नहीं हो रहा है। होली के मद्देनजर लोकल रूटों पर अनुबंधित बसों के फेरों को बढ़ा दिया गया है। संवाद