उन्होंने कहा कि दिल्ली वाले आंदोलन के समय तीन काले कानून वापस हुए तब थे तब एक समझौता हुआ जिसमें एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) पर कानून लाने की बात हुई थी लेकिन इसके बाद कोई कानून नहीं बना। उत्तर प्रदेश में बिजली फ्री देने की बात सरकार ने कही थी लेकिन अब मीटर लगाए जा रहे है। इसका मतलब क्या है।
प्रदर्शन में प्रदेश अध्यक्ष राजपाल सिंह, प्रमुख महासचिव बिजेंद्र सिंह यादव, शिशुपाल सिंह प्रदेश महासचिव, पीलीभीत के जिलाध्यक्ष वेदप्रकाश शर्मा, बदायूं के जिलाध्यक्ष रामाशंकर संखधार, शाहजहांपुर के अध्यक्ष अनिल यादव, संभल के जिलाध्यक्ष मानपाल सिंह, बलजिंदर सिंह मान प्रदेश अध्यक्ष उत्तराखंड, सोमवीर सिंह जिलाध्यक्ष बरेली, जिला प्रवक्ता हाजी एम इकबाल आदि मौजूद रहे। धरने का नेतृत्व मंडल अध्यक्ष सतविंद्र सिंह कहलो ने किया।