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ड्रोन की खुल गई पोल: अफवाहों पर यकीन न करें लोग... बरेली पुलिस ने जारी की एडवाइजरी

Tue, 29 Jul 2025 03:51 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

सार

ड्रोन की दहशत के बीच बरेली पुलिस ने एडवाइजरी जारी की है। जिसमें कहा गया है कि अफवाहों पर विश्वास न करें। ड्रोन उड़ने की सूचनाएं निराधार और भ्रामक हैं।
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एसएसपी अनुराग आर्य - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बरेली में मेड इन चाइना लिखे खिलौना ड्रोन से कुछ जगह अराजकतत्वों ने लोगों को डराने का काम किया है। इससे ग्रामीण इलाकों में अफवाह फैली है कि चोर ड्रोन के जरिये घरों की स्थिति देखते हैं और फिर वारदात को अंजाम देते हैं। जबकि पुलिस जांच में अब तक कुछ भी ऐसा सामने नहीं आया है। पुलिस के मुताबिक कुछ जगहों पर खिलौना ड्रोन मिले हैं, जिनमें कैमरा नहीं है और न ही इनसे रिकॉर्डिंग होती है। ऐसे में पुलिस लोगों को जागरूक कर रही है कि ड्रोन महज अफवाह है, जिस पर विश्वास न करें। इसे लेकर एडवाइजरी जारी की गई है। 

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पुलिस की ओर से जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि ड्रोन उड़ने की सूचनाएं निराधार और भ्रामक हैं। कुछ मामलों में बच्चों के खिलौने या सामान्य वस्तुओं को गलत समझकर ड्रोन के रूप में प्रचारित किया गया है। कुछ थाना क्षेत्रों में मेड इन चाइना खिलौना ड्रोन बरामद भी हुए हैं। जांच में पता लगा कि बैटरी चलित खिलौना हेलीकॉप्टर है, जिसकी कीमत करीब 800-1000 रुपये है।
 
यह भी पढ़ें- UP: खिलौना उड़ाकर फैलाई जा रही अफवाह, बरेली-बदायूं में पुलिस के हाथ लगे 'ड्रोन', जांच में सामने आई हकीकत
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जांच से पाया गया है कि जो ड्रोन (खिलौना) विभिन्न जनपदो में मिले हैं, उनमें ना तो कोई कैमरा लगा है और न ही सर्विलांस में प्रयुक्त होने वाला कोई अन्य उपकरण मौजूद है। यह मात्र खिलौने के रुप में प्रयुक्त होने वाला बैटरी से संचालित चीन निर्मित खिलौना  है। इसमें रंग-बिरंगी लाइटें लगी है, जो रात के समय आसमान में उड़ते समय चमकने से लोगों को ड्रोन जैसा लगता है। इन अफवाहों में कोई सच्चाई नहीं है कि चोरों द्वारा गांव एवं बस्तियों की रेकी की जा रही है। 

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लोगों से की ये अपील 
पुलिस प्रशासन ने अपील की है कि अफवाहों पर विश्वास न करें। ड्रोन या किसी संदिग्ध गतिविधि से संबंधित कोई भी जानकारी प्राप्त होने पर उसे बिना जांचे-परखे दूसरों के साथ साझा न करें। अपने परिवार, दोस्तों और पड़ोसियों को अफवाहों से सावधान रहने के लिए प्रेरित करें। अगर कोई संदिग्ध व्यक्ति दिखाई देता है तो उसके साथ मारपीट अथवा दुर्व्यवहार न करें, बल्कि इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दें। एसएसपी अनुराग आर्य ने कहा कि जो व्यक्ति जानबूझकर भ्रामक सूचनाएं या अफवाहें फैलाते हैं, उनके खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। 

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