पुलिस ने महमूद बेग को गिरफ्तार कर सात सितंबर को स्थानीय कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने महमूद बेग की पांच दिन पुलिस रिमांड मंजूर की है। अब प्रयागराज से इंस्पेक्टर विजेंद्र सिंह के नेतृत्व में बरेली पुलिस की विशेष टीम आरोपी को लेकर लौट रही है। आरोपी मंगलवार तड़के तक भुता थाने पहुंचेगा। फिर चार दिन तक महमूद बेग भुता थाना पुलिस की हिरासत में रहेगा। इस दौरान पुलिस धर्मांतरण गिरोह से जुड़े राज उससे उगलवा सकती है।
फुटेज में महमूद को नहीं दिखा सके, वकील ने जवाब देने को मांगा वक्त
महमूद बेग की पत्नी की ओर से दाखिल बंदी प्रत्यक्षीकरण रिट पर हाईकोर्ट ने एसएसपी अनुराग आर्य को हाजिर होने का आदेश दिया था। एसएसपी ने अदालत में हाजिर होकर हलफनामा दाखिल किया। पुलिस के मुताबिक हलफनामे में धर्म परिवर्तन की गतिविधियों में महमूद बेग की संलिप्तता के तमाम साक्ष्य थे। इस बीच महमूद के वकील ने आरोप लगाया कि एसओजी ने 20 अगस्त को महमूद की गिरफ्तारी घर से की थी। इसके प्रमाण भी हैं।
बताते हैं कि वकील ने जो प्रमाण दिखाए, उसमें सादा कपड़ों में टीम दिख रही थी लेकिन महमूद नहीं था। तब एसएसपी ने कोर्ट से अनुरोध किया कि महमूद के साथ पुलिस टीम का फोटो दिखाएं ताकि उनका आरोप सच साबित हो। तब वकील ने सफाई दी कि उस वक्त महमूद को टीम ने गाड़ी में बैठा रखा था इसलिए उसका फोटो नहीं है। पुलिस ने बताया कि शासकीय अधिवक्ताओं ने तर्क व हाईकोर्ट में दिए गए पुलिस के हलफनामे का जवाब देने के लिए महमूद बेग के वकील ने दस दिन का समय मांग लिया।
हाईकोर्ट ने बरेली पुलिस के सभी तर्क और पेश किए साक्ष्यों पर भरोसा जताया है और भविष्य में किसी पुलिस अधिकारी या आरोपी को लाने की जरूरत नहीं बताई है। आरोपी महमूद बेग अभी चार दिन और पुलिस रिमांड पर रहेगा। धर्म परिवर्तन के रैकेट के बारे में उससे पूछताछ की जाएगी, जरूरत के आधार पर साक्ष्य संकलन कर कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। - अंशिका वर्मा, एसपी दक्षिणी