देवरनियां/रिछा। प्रधानी चुनाव के बाद गिरधरपुर गांव में रविवार को दो प्रत्याशियों के समर्थक आमने-सामने आ गए। दोनों ओर से कई राउंड फायरिंग हुई फिर पथराव हो गया। खूनी संघर्ष में दोनों पक्षों के सात लोग घायल हो गए। गांव में तनाव को देखते हुए तीन थानों की पुलिस तैनात कर दी गई है।
प्रधानी का चुनाव लड़े अब्दुल मतीन अपने साथी तनवीर अहमद के गौटिया पहुंचे थे। वहां तनवीर का दूसरे प्रत्याशी अफराज हुुसैन के समर्थक राम आसरे, नेम प्रसाद और इंद्रावती से विवाद हो गया। आरोप है कि इसके बाद अफराज हुुसैन के समर्थकों ने मेन चौराहे के पास पहुंचकर मतीन को गालियां दे दी। इससे दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। दोनों ओर से हवाई फायरिंग हुई। पथराव भी हुआ। मतीन पक्ष के जिलाउल इस्लाम, शहजाद हमजा, वसीम और दिलशाद घायल हो गए। दूसरे पक्ष के ताइब, सरफाराज और शायलम भी जख्मी हुए। जिलाउल को बरेली रेफर कर दिया गया।
एसओ देवरनियां अमर सिंह की अगुवाई में पुलिस को लाठियां फटकारकर भीड़ को तितर-बितर करना पडा। गांव की गलियां और बाजार बंद हो गए। देर रात मतीन पक्ष की ओर से अफराज समेत 12 लोगों के खिलाफ मुकदमा लिखाया गया। सीओ प्रमोद यादव गांव पहुंचे और शेरगढ़, भोजीपुरा व बहेड़ी थाने का फोर्स गांव में तैनात कर दिया। उन्होंने कहा कि माहौल बिगाड़ने की किसी को इजाजत नहीं दी जाएगी। दहशत के कारण ग्रामीण पूरे दिन सहमे रहे।
गलियां ईंट और पत्थर से पटी रहीं
गांव की वीरान गलियां पत्थरों से पटी थी। पुलिस की मौजूदगी में घरों से पथराव हुआ था। इसके बाद पुलिस ने भीड़ को भगाकर घरों की तलाशी लेनी शुरू कर दी।
चालीस साल से दो परिवार कर रहे प्रधानी
बहेड़ी। गिरधरपुर गांव की आबादी करीब 15 हजार के आस पास है। गांव के अब्दुल मतीन और दूसरे पक्ष के शफीक अहमद का परिवार करीब चालीस साल से प्रधानी कर रहा है। इस बार तीसरे गुट ने भी चुनाव लड़ा। प्रशासन ने इसे अति संवेदनशील श्रेणी में रखा था। इस बार गांव में चुनाव प्रचार बेहद हाई प्रोफाइल तरीके से किया गया था। मुंबई, आस्ट्रेलिया और इंग्लैंड तक से वोटरों को बुलाया गया था।
- वोटिंग वाले दिन भी विवाद की कोशिश की गई थी लेकिन मैंने समर्थकों को शांत कर रखा था। अफराज पक्ष के लोग तमंचे लेकर अंधाधुंध फायरिंग करते हुए मेरे घर घुस आए और पथराव कर दिया। -अब्दुल मतीन
मतीन पक्ष के लोगों ने उनके समर्थक राम आसरे से झगड़ा किया था। राम आसरे पर पैसा देकर वोट देने के लिए दबाव बनाया गया था। इंकार करने पर निशाना बनाया गया।
-अफराज हुसैन
...............
नवाबगंज में खूनी संघर्ष, फायरिंग, 16 घायल
चार जगह आमने-सामने आए लोग, 10 गिरफ्तार
नवाबगंज। जरेली में शनिवार रात हुई कहासुनी रविवार को झगड़े में बदल गई। गांव से अली रजा की पत्नी जन्नती, तगीर हसन की पत्नी सुरैया बेगम के अलावा तगीर हसन ने चुनाव लड़ा था। बताया जा रहा है कि तगीर को अली रजा के बहनोई जहीर हुसैन ने चुनाव लड़ाया था। इस कारण मतदान के दिन दोनों परिवारों में तकरार हुई थी। आरोप है कि अली रजा पक्ष की ओर से बहनोई जहीर हुसैन के घर पर पथराव और फायरिंग की गई। जहीर हसन की पत्नी गुलनाज बानो, निजाकत हुसैन की बेेटी हिरा जैदी, फरमान हैदर की पत्नी हिना छर्रे घायल हो गयीं। पुलिस ने अली रजा सहित दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया। मौके से एक देशी बंदूक और 315 बोर के कई कारतूस बरामद किए गए। जहीर हसन ने 23 लोगों के खिलाफ नामजद तहरीर दी है। घायलों को बरेली रेफर किया गया है।
चमन नगरिया में भी प्रधानी का चुनाव लड़े लियाकत खां और रिफाकत खां के समर्थक भिड़ गए। आरोप है कि लियाकत खां पक्ष के लोगों ने रिफाकत खां को चुनाव लड़ाने वाले फईम खां के घर पर धावा बोल कर फायरिंग की। इसमें चार लोग घायल हो गए। पुलिस ने आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। समुहां में चुनाव लड़े राशिद अली के बेटे सोनू पर आरोप लगाया गया है कि गाली का विरोध करने पर वह अपने साथियों आशिक अली, राशिद अली, भूरे खां, अमजद, आमिर अली आदि के साथ उसने अबरार के घर घुस आया। यहां मारपीट और फायरिंग की गई। इसमें चार लोग घायल हो गए। खिजरपुर में भी चुनाव की रंजिश के चलते इकरार खां, इदरीश खां, खुर्शीद और अख्तर रजा ने जावेद, उसके चाचा इल्यास खां की घर में घुसकर पिटाई कर दी।
भोजीपुरा में भिड़े प्रत्याशियों के समर्थक
भोजीपुरा। करमपुर ठाकुरान में महीपाल सिंह की पत्नी आशा देवी और प्रताप सिंह की पत्नी श्यामा देवी प्रधान का चुनाव लड़ी थी। आरोप है कि वोट न देने पर श्यामा देवी पक्ष के रक्षपाल, जनकू और मनोज ने मुन्ना सिंह को लाठी डंडों से पीट दिया। इसके बाद महीपाल और श्यामा देवी के घर वालों ने एक दूसरे पर पथराव कर दिया। पुलिस ने महीपाल सिंह, रामपाल सिंह, मुन्ना सिंह, नेपाल सिंह और रामवीर को शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। एसओ अनिल सिराही ने बताया कि ये सभी पांच-पांच लाख से पांबद है।
उधर, सैदपुर गांव के प्यारेलाल और अवनीश का कहना है कि अख्त्यिार गांव में विक्रम, सुरंजन सिंह, राजपाल, लालू और प्यारेलाल ने उन्हें गालियां दे दी। विरोध करने पर उसे और भतीजे अमित को पीट दिया। अवनीश ने तीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। विक्रम सिंह ने भी अवनीश और अमित के खिलाफ मारपीट का मुकदमा दर्ज कराया है।
ट्रैक्टर में आग लगा दी
भोजीपुरा। कोढ़मपुर में वोट न देने पर छेदालाल के घर के बाहर खड़े ट्रैक्टर में आग लगा दी। छेदालाल ने पुलिस को बताया कि उन्होंने ओमवती को चुनाव लड़ाया था। दूसरे पक्ष के लोगों ने जसवंत सिंह को वोट देने को कहा। आरोप है कि शनिवार रात कुछ लोग घर के बाहर आ गए। दरवाजा नहीं खुला तो बाहर खड़े ट्रैक्टर में आग लगा दी।
बिहारीपुर में भी मारपीट
दुनका। बिहारीपुर में वोटों के लिए दबाव बनाने पर दो पक्षों में लट्ठ चले और पथराव भी किया गया। दो महिलाओं समेत पांच लोग घायल हुए हैं। आरोप है कि शनिवार रात लगभग नौ बजे गांव के ही सद्दाम, नईम, इश्त्याक, सलमान लालाराम जाटव के घर में घुस आए और प्रत्याशी को ही वोट देने के लिए दबाव बनाने लगे। इन्कार किया तो जातिसूचक गालीगलौज कर लाठी-डंडों से पीट दिया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। उधर, दूसरे पक्ष के इश्त्याक ने भी रिपोर्ट दर्ज कर मारपीट का आरोप लगाया है।