पहली कार्रवाई के बाद मानने लगा रंजिश
बीडीए के अधिकारियों के मुताबिक आरोपी कॉलोनीनाइजर पर यह पहली कार्रवाई नहीं है। इससे पहले बदायूं रोड पर ही बीडीए की ओर से चल रहे गेट के निर्माण के सामने राजकुमार सिंह की अवैध कॉलोनी को ध्वस्त किया था। इसके बाद से ही आरोपी रंजिश मान रहा था, आरोपी ने दूसरी कॉलोनी का निर्माण कराने के दौरान भी बीडीए की ओर से स्वीकृति नहीं ली थी। निर्माण के दौरान जब टीम भ्रमण को पहुंची तो हमला कर दिया गया।
पहले भी दिया जा चुका है नोटिस, अब ध्वस्तीकरण की तैयारी
बीडीए ने राजकुमार सिंह की लालफाटक के पास आकाशवाणी-दूरदर्शन केंद्र सामने हो रहे अवैध निर्माण के खिलाफ पहले भी नोटिस जारी किया था। इसको लेकर 18 जून 2022 को नोटिस जारी किया था। इसको लेकर सुनवाई के लिए 30 जून व सात सितंबर को सुनवाई नियत की गई थी। दोनों ही तारीखों पर आरोपी अनुपस्थित रहा।
इसके बाद निर्माण को ध्वस्त करने का आदेश विभाग की ओर से दिया गया। इस पर सुपरवाइजर बच्चन वर्मा की ओर से आदेश पर रिपोर्ट भी लगाई गई कि बार-बार जाने पर भी निर्माण स्थल पर राजकुमार सिंह नहीं मिला और दरवाजे पर नोटिस चस्पा कर दिया। अब बीडीए इसके ध्वस्तीकरण के लिए टीम तैयार कर रही है।
बीडीए उपाध्यक्ष मनिकंडन ए. ने बताया कि टीम के साथ जो घटना हुई है, रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पुलिस जांच कर रही है, अवैध कब्जे को लेकर नोटिस जारी किया गया है, उसका भी ध्वस्तीकरण किया जाएगा।