फतेहगंज पश्चिमी (बरेली)। भोजीपुरा इलाके के निवासी आइसक्रीम फैक्टरी कर्मचारी आदेश मिश्रा की हत्या उसके साथ शराब पीने वाले दो युवकों ने की थी। दोनों को गिरफ्तार किया गया तो हत्या की वजह बेहद मामूली निकली। कुल 3500 रुपयों के लालच में हत्या की बात सामने आई है।
फतेहगंज पश्चिमी थाना प्रभारी प्रयागराज सिंह ने बताया कि भोजीपुरा इलाके के मुड़िया चेतराम गांव निवासी आदेश मिश्रा का शव शुक्रवार शाम मड़ौली के पास नहर पटरी पर मिला था। परिजनों के मुताबिक आदेश बृहस्पतिवार शाम एक शादी समारोह में गए थे। शुक्रवार सुबह तक घर नहीं लौटे। उनका मोबाइल भी बंद जा रहा था।
एसओ ने बताया कि शव मिलने के बाद भी आदेश का मोबाइल फोन नहीं मिला। पुलिस ने संदेह के आधार पर फरीदपुर के बल्लिया गांव निवासी सोनू कश्यप व मीरगंज के ही नगरिया सादात निवासी शहंशाह को गिरफ्तार कर लिया। पहले इन्कार कर रहे दोनों आरोपियों ने सख्ती करने पर हत्या करने की बात कबूल कर ली।
सोनू ने पुलिस को बताया कि उसकी मामी पूनम बिजली निगम में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हैं। वह भी उन्हीं के साथ मीरगंज की हाइडिल कॉलोनी में रहता है। शहंशाह उसका दोस्त है और दोनों शराब के लती हैं। 15 मई की सुबह सोनू के पैतृक गांव जाते वक्त शंखा पुल पर दोनों की मुलाकात आदेश मिश्रा से हुई। आदेश के सिर पर हल्की चोट लगी थी। उसने बताया कि वह आइसक्रीम फैक्टरी का कर्मचारी है। रात में साथी की बहन की शादी में दोस्तों ने शराब पीकर डीजे पर डांस किया तो गिरने से उसके सिर पर हल्की चोट आई और फोन भी कहीं गिर गया है। दोस्ती के बाद तीनों ऑटो से बल्लिया तक आए। वहां डॉक्टर से आदेश के सिर पर लगी चोट की पट्टी कराई।
शराब पीने के दौरान की हत्या, रुपये बांटे
सोनू ने बताया कि मड़ौली में एक खोखे से तीनों ने शराब खरीदी थी। आदेश मिश्रा ने अपने पर्स से पैसे दिए, तभी उन दोनों ने उसमें रखे 3500 रुपये देख लिए थे। इससे उनकी नीयत खराब हो गई। नहर पटरी पर तीनों ने साथ बैठकर शराब पी। सोनू और शहंशाह ने चालाकी से आदेश मिश्रा को अधिक शराब पिला दी। जब आदेश नशे में हो गए तो दोनों ने गला दबाकर उनकी हत्या कर दी। हत्या के बाद दोनों ने रुपये आपस में बांट लिए। इसमें सोनू को 1700 और शहंशाह को 1800 रुपये मिले। इसके बाद वे मीरगंज लौट गए।
सुरागकशी से हो सका खुलासा
एएसपी शिवम आशुतोष ने बताया कि आदेश का मोबाइल फोन भी बरात में शामिल उसके साथियों को मिल गया था, जिसे उन्होंने लौटा दिया। पोस्टमाॅर्टम में गला दबाकर हत्या की पुष्टि के बाद पुलिस ने घटनास्थल पर कई लोगों से पूछताछ की तो एक ने सोनू का नाम लिया। बताया कि सोनू दो लोगोें के साथ शराब पी रहा था। जानकारी जुटाई तो सोनू के साथ शहंशाह का नाम भी आया। दोनों को गिरफ्तार कर कोर्ट में किया गया। कोर्ट ने उन्हें जेल भेज दिया।