बरेली। मौसम में बदलाव होने के साथ ही स्वाइन फ्लू वायरस का असर कम होने की दलील सही साबित नहीं हो पा रही है। स्वाइन फ्लू की जांच के लिए भेजे गए दो सैंपल पॉजिटिव मिलने से मरीजों की संख्या 54 पहुंच चुकी है। वहीं, अभी कई सैंपल की रिपोर्ट आनी बाकी है।
इंटीग्रेटेड डिजीज सर्विलांस प्रोग्राम (आईडीएसपी) के एपिडेमिओलॉजिस्ट डॉ. मीसम अब्बास ने तापमान के 25 डिग्री सेल्सियस के पार करने से पूर्व ही नए मरीजों के स्वाइन फ्लू से पीड़ित होने की बात कही है। बताया कि अधिकतम तापमान के 25 डिग्री पार होने के साथ ही एन-1एच-1 वायरस का असर कम होने लगता है। बताया कि प्रतिदिन सेल्फ सस्पेक्टेड करीब पांच केस पहुंच रहे हैं। इनमें स्वाइन फ्लू के लक्षण दिख रहे हैं उनका सैंपल जांच के लिए भेजा जा रहा है।