बरेली। हूती विद्रोहियों के हमले के बाद सऊदी अरब के रियाद और जेद्दा की उड़ानों को रद्द कर दिया गया है। इस कारण बरेली से उमरा पर जाने के लिए तैयार ढाई सौ यात्रियों का सफर थम गया है। वहीं, पहले से उमरा पर गए बरेली के तीन सौ यात्री मक्का और मदीना में फंसे हुए हैं। वह सुरक्षित वतन वापसी की दुआ कर रहे हैं।
ट्रैवल एजेंसी संचालक मोहम्मद आसिम हुसैन कादरी ने बताया कि सिर्फ सऊदी अरब की एयरलाइंस ही उड़ानों का संचालन कर रही हैं। इंडिगो सहित अन्य एयरलाइंस की उड़ानें कैंसिल हैं। 12 अक्तूबर से अब तक कई यात्री अपने टिकट भी कैंसिल करा चुके हैं। इस कारण उमरा यात्री या टूरिस्ट सऊदी अरब नहीं जा पा रहे हैं। फिलहाल 17 अक्तूबर तक ऐसी ही स्थिति बने रहने का अनुमान है।
ट्रैवल एजेंसी संचालक सैयद मुशर्रफ और हाफिज इमरान रजा बरकाती ने बताया कि उनके यहां से भी कई यात्री उमरा पर गए हुए हैं। वह वहां फंस गए हैं, जबकि यहां से जाने की तैयारी कर रहे लोगों ने फिलहाल अपना इरादा बदल दिया है। बरेली हज सेवा समिति के संस्थापक पम्मी खां वारसी ने बताया कि बरेली सहित आसपास के जिलों से गए सभी उमरा यात्री सुरक्षित हैं। उन्होंने उमरा पर गए कुछ यात्रियों से भी बात भी की है।
फंसे लोगों को जल्द वतन वापसी की उम्मीद
यहां खैरियत से हैं। फिलहाल फ्लाइट कैंसिल है। उम्मीद है जल्दी सुकून हो जाएगा और सब लोग साथ खैर के साथ वतन वापसी करेंगे। - सरवर आलम, रजा कॉलोनी
जो उमरा पूरा कर चुके हैं, वह वापसी के लिए बेचैन हैं। जो लोग बाद में आए हैं, वह सुकून से इबादत और उमरा के अरकान अदा कर रहे हैं। - बदरुल हुदा, किला क्षेत्र
हमले की बात से थोड़ी बैचैनी तो है, मगर उम्मीद है जल्दी ही हालात बेहतर होंगे। यहां लोग होटलों आदि में ठहरे हुए हैं। कोई परेशानी नहीं है। - नजमा, रामपुर रोड