बरेली। जिले में 1910 मतदान केंद्रों पर मंगलवार को लोकसभा चुनाव के वोट डाले जाएंगे। इनमें 494 क्रिटकल बूथ हैं। यहां भारी संख्या में पुलिस, पीएसी, होमगार्ड की ड्यूटी लगाई गई है। तीन से ज्यादा बूथ वाले मतदान केंद्र और संवेदनशील बूथों पर पैरामिलिट्री फोर्स लगाई गई है। अधिकारियों के साफ निर्देश हैं कि अराजकता फैलाने वालों से सख्ती से पेश आया जाए।
जिले में बरेली, आंवला, पीलीभीत लोकसभा क्षेत्र के लिए वोट पड़ने हैं। जिले में कुल 1910 मतदान केंद्र हैं जिनके 3427 बूथ हैं। इनमें से 193 मतदान केंद्र और उनके 494 बूथ संवेदनशील की श्रेणी में हैं। इनमें तीन से ज्यादा बूथ वाले मतदान केंद्रों और संवेदनशील बूथों पर अर्धसैनिक बलों की तैनाती अनिवार्य रूप से होगी। जिले में चार एएसपी, नौ सीओ, 27 इंस्पेक्टर, 555 दरोगा, 852 हेड कांस्टेबल, 4698 कांस्टेबल की ड्यूटी चुनाव में लगाई गई है। कुल 749 कांस्टेबल बिना हथियार के ड्यूटी पर रहेंगे और बूथों पर व्यवस्था बनाने में सहयोग करेंगे। साथ ही 7788 होमगार्डों की ड्यूटी भी चुनाव में लगी है। इनके अलावा छह कंपनी पीएसी भी लगाई गई है।
वाहनों का संचालन होगा, 200 मीटर दूर रहेंगे
चुनाव में ज्यादा से ज्यादा वोट पड़ें, इसके लिए भी पुलिस प्रशासन ने इंतजाम किए हैं। एडीजी ने बताया कि किसी प्रकार के वाहनों के संचालन पर रोक नहीं होगी। लोग अपने वाहनों से भी वोट डालने जा सकेंगे और इस पर रोकटोक नहीं की जाएगी। शर्त ये है कि बूथ से दो सौ मीटर दूर ही वाहन छोड़ना होगा। जनता, आम राहगीरों और एंबुलेंस आदि को कोई समस्या नहीं आने दी जाएगी।
कमिश्नर-डीआईजी ने किया निरीक्षण, पोलिंग पार्टियां पहुंचीं
सोमवार को कमिश्नर और डीआईजी ने पीलीभीत के साथ ही बरेली जिले में पोलिंग पार्टियों की रवानगी का जायजा लिया। साथ ही दूसरे जिलों में रवानगी का अपडेट लेते रहे। डीआईजी राजेश कुमार पांडेय ने देर शाम बताया कि सभी जिलों में पोलिंग पार्टियां बूथों पर पहुंच गईं हैं। कहीं किसी कर्मचारी को समस्या है तो अतिरिक्त स्टाफ लगाकर दूर की जा रही है।
‘मतदान महोत्सव के रूप में मनाएं दिवस’
मतदान प्रतिशत बढ़ाना और पारदर्शी व्यवस्था लागू करना पुलिस की जिम्मेदारी है। सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दे दिए गए हैं। पुलिस को जनता के साथ बेहतर व्यवहार रखने को कहा है। किसी तरह के भय का माहौल न हो, यह तय करना है। सेक्टर मजिस्ट्रेट व पुलिस अधिकारियों से यह भी कहा है कि वे केवल बूथों पर न रहकर गांवों में अंदर भी जाएं। लोगों को मतदान के लिए प्रेरित करें और ये भी देखें कि कोई धमका या फुसला तो नहीं रहा है। इसे मतदान महोत्सव के तौर पर ले रहे हैं, बूथों पर छांव, पेयजल, शौचालय, बिजली, पंखे की व्यवस्था भी रहेगी। - अविनाश चंद्र, एडीजी
‘वोटरों का स्वागत, खुराफातियों की खैर नहीं’
लोकतंत्र के महापर्व में वोटरों की अहम भूमिका है। पुलिस प्रयास करेगी कि वोट डालने में जनता को कोई अड़चन न आए। सभी अधिकारी पूरे मतदान के दौरान मूवमेंट पर रहेंगे। बूथ पर भीड़ नहीं लगने दी जाएगी। वोटरों को लाइन में लगाया जाएगा तो वोट दे चुके लोगों को घर जाना होगा। गलत तरीके से मतदान केंद्र के अंदर घुसने वालों या चुनाव प्रभावित करने की कोशिश करने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा। इस बारे में आयोग ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं जिनका पूरी तरह पालन कराया जाएगा। - राजेश कुमार पांडेय, डीआईजी