बरेली। परिक्षेत्र के दो डिपो से 19 नई एसी बसें इस माह के अंत तक रफ्तार भरेंगी। शासन और परिवहन निगम से इसके लिए हरी झंडी मिल गई है। इन नई बसों के मेंटेनेंस की जिम्मेदारी भी कंपनी की होगी। जिन राज्यों में एसी बसों के परमिट कम हैं, वहां के लिए इसे बढ़वाने की कवायद भी परिवहन निगम ने शुरू कर दी है।
शहर के दो बस अड्डों से रोज 30 हजार से अधिक लोग यात्रा करते हैं। भीषण गर्मी में कई रूटों पर यात्रियों एसी बसें नहीं मिलतीं। इसी के मद्देनजर शासन की ओर से परिक्षेत्र को 19 नई एसी बसें मिलेंगी। इनमें से 12 का संचालन बरेली डिपो से और सात का संचालन रुहेलखंड डिपो से किया जाएगा।
रोडवेज अधिकारियों के मुताबिक जयपुर, अजमेर और खाटूश्याम रूट पर साधारण बसों का संचालन हो रहा है। इस मार्ग के लिए रुहेलखंड डिपो के पास एक एसी बस का परमिट है, लेकिन बसों की कमी के कारण अभी तक सेवा शुरू नहीं हो सकी है। सबसे पहले इसी रूट पर एसी बस का संचालन शुरू कराया जाएगा।
एसी परमिट बढ़वाने की कवायद
दरअसल, रुहेलखंड और बरेली डिपो के पास देहरादून और जयपुर सहित कई रूटों पर एसी गाड़ियों का एक-एक परमिट है। कुछ मार्गों पर एक भी एसी परमिट नहीं है। अब विभाग ने दूसरे राज्यों के लिए एसी बसों के परमिट बढ़वाने की कवायद शुरू कर दी है। इसमें जयपुर, अजमेर, खाटूश्याम, देहरादून, ऋषिकेश, रुड़की रूट शामिल हैं। संवाद
इस माह के अंत तक 19 एसी बसें मिल जाएंगी। इनका मेंटेंनेंस भी कंपनी ही करेगी। कई मार्गों पर एक-एक एसी बस संचालन के लिए परमिट है। इन्हीं रूटों पर नई एसी बसों का संचालन किया जाएगा। - अरुण कुमार वाजपेयी, एआरएम, रुहेलखंड डिपो