बरेली। ट्रैफिक एसपी, इंस्पेक्टर, दरोगा और भारी भरकम स्टाफ होने के बावजूद शहर की यातायात व्यवस्था सुधर नहीं रही है। शहर के कई ऐसे चौराहे हैं जहां ट्रैफिक पुलिस कर्मियों की ड्यूटी होने के बावजूद दिनभर जाम की स्थिति रहती है। हालात तो यह हो गए हैं कि गुरुवार को प्रदेश के वित्तमंत्री राजेश अग्रवाल को पुलिस के आला अफसरों के संग बैठक में ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के निर्देश देने पड़े थे। यह अलग बात है कि वित्तमंत्री के आदेश का शुक्रवार को कोई असर सड़कों पर नहीं दिखा।
स्थान : श्यामगंज चौराहा, समय : शुक्रवार शाम 7:44 बजे
चौराहे पर एक ट्रैफिक सिपाही और चार होमगार्ड ओवरब्रिज के नीचे एक तरफ खड़े थे। चौराहे के चारों ओर टेंपो और ई-रिक्शा का जमावड़ा लगा था। तभी श्यामगंज चौराहे से होकर एक वैन गुजरी, जिसमें परिवार बैठा था। दो होमगार्ड दौड़े और वैन को घेरकर सड़क किनारे खड़ी करा दी। चालक को कागजात समेत सिपाही के पास ले गए। कुछ देर बातचीत के बाद ड्राइवर लौटा और वैन में बैठकर जाने लगा। ड्राइवर ने बताया कि वैन में आठ लोग बैठे थे इसलिए पुलिस वालों ने रोका था। दो सौ रुपये में मामला निपट गया। वैन सवार बीसलपुर के रहने वाले थे।
स्थान : पुराना रोडवेज के सामने, समय : शुक्रवार रात आठ बजे
रोडवेज साइड में सड़क पर लाइन से कई दुकानें और ठेले लगे थे। उनके आगे आटो, टेंपो और ई-रिक्शा वाले खड़े थे। दूसरी साइड में दुकानों का सामान सड़क तक फैला था। उसके आगे गाड़ियां खड़ी थीं। इस कारण रोड पर जाम की स्थिति थी। इतने बुरे हालात तब थे जब करीब एक घंटे पहले उधर से एसएसपी समेत कई अफसर पैदल मार्च करते हुए निकले थे। आसपास के दुकानदारों ने बताया कि दिन भर सड़क पर रोडवेज बसें खड़ी करके सवारियां बैठाई जाती हैं। इस कारण नावेल्टी से बरेली कॉलेज चौराहे तक दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है।
स्थान : शाहदाना चौराहा, समय : शुक्रवार अपराह्न तीन बजे
बारादरी थाने की साइड में ई-रिक्शा वाले आधे चौराहे तक लाइन लगाए खड़े थे। गंगापुर की ओर जाने वाली सड़क पर भी आटो और ई-रिक्शा वाले जाम लगाए थे। श्यामगंज शादाना की ओर ओवरब्रिज के नीचे बीच में बाइक और ठेले वाले खड़े थे। दुकानों का सामान सड़क तक रखा था। पुराना शहर को जाने वाली सड़क भी ठेेले और ई-रिक्शा खड़े होने से जाम थी।