डिस्ट्रिक्ट फुटबॉल लीग के लिए फुटबॉल एसोसिएशन ने तैयारी शुरू कर दी है। इस बार लीग में कुछ नए नियमों के साथ खिलाड़ियाें को खेलना होगा। इंटरनेशनल फुटबॉल एसोसिएशन बोर्ड के 17 नए नियमों में कुछ खिलाड़ियों के लिए हैं बाकी नियम रेफरी और अंपायर के लिए। 27 जुलाई को लीग शुरू होगी। इससे पहले 19 जुलाई को सभी टीम के खिलाड़ियों के लिए एसोसिएशन की ओर से कार्यशाला होगी। अभी 12 टीमों ने लीग के लिए अपनी एंट्री दी है।
नए नियम के मुताबिक फुटबॉल मैच के दौरान हैंडबॉल फाउल अब खिलाड़ियों की अपील पर नहीं दिया जाएगा। रेफरी द्वारा आर्ब्जव करने पर ही यह देय होगा। नियम के मुताबिक अगर फुटबॉल खुद आकर हैंड में लग रही है तो यह फाउल नहीं है। साथ ही अगर किसी खिलाड़ी के चेहरे पर फुटबॉल आ रही है तो वह अपना चेहरा बचाने के लिए भी हाथ लगा सकता है। ऐसे में हैंडबॉल नहीं माना जाएगा। अगर बॉल को हाथ से जानबूझकर धकेलते हैं तो हैंड हैं। अभी तक अपील पर किसी भी प्रकार के हैंड पर फाउल दे दिया जाता था। मैदान में खेल के दौरान खिलाड़ी बदलने का अधिकार कोच को तीन बार था, जबकि अब नए नियम के अनुसार 5 बार खिलाड़ी बदल सकते हैं। इससे मैच में अपनी परफारमेंस अच्छी करने का टीम को एक और मौका मिलेगा।
कुछ ऐसे नियम जिसका लागू होना मुश्किल
नए नियम के मुताबिक खिलाड़ियाें को घुटने के नीचे शिनगार्ड लगाना जरूरी है और इसे मोजे से ढकना है। वहीं नेकर और टी-शर्ट के नीचे अगर इनर या फिर फुल गारमेंट पहनते हैं तो वह टीम के ड्रेस कलर की ही होनी चाहिए। अभी तक खिलाड़ी काले रंग का इनर या अन्य गारमेंट प्रयोग करते थे। सभी वर्गों की प्रतियोगिता के लिए 90 मिनट गेम का फुल टाइम कर दिया गया है, लेकिन एसोसिएशन इसे 70 मिनट में ही निपटाएगी।
इंटरनेशनल फुटबॉल एसोसिएशन बोर्ड के नए नियम लागू होने का सीधा मतलब खिलाड़ी फुटबॉल और अच्छे से जाने ताकि आगे खिलाड़ी की नेशनल और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में गलती न हो। इसलिए अभी से सिखाया जाएगा। 19 जुलाई को शाम 5 बजे स्टेडियम में नेशनल रेफरी कमलेश पांडे कार्यशाला करेंगे। सभी टीम सदस्यों को आना होगा।
- मून रॉबिंसन, सचिव, डिस्ट्रिक्ट फुटबॉल एसोसिएशन