बरेली। क्यारा के जोगीठेर प्राथमिक विद्यालय में यू-डायस के तहत आयोजित प्रशिक्षण में ज्वैलरी शॉप के आफर्स बताने के मामले पर सोमवार को आरोपी डिप्टी बीएसए ने अपनी गर्दन बचाने को सीआरसी से जवाब तलब किया है। सीआरसी से प्रशिक्षण के दौरान ज्वैलरी शॉप का कार्यक्रम आयोजन किए जाने पर आपत्ति जताते हुए स्पष्टीकरण मांगा है। साथ ही, संतोषजनक जवाब न देने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।
सनद रहे कि शुक्रवार को क्यारा ब्लॉक के जोगीठेर प्राइमरी स्कूल में मीटिंग के दौरान डिप्टी बीएसए का शिक्षकों को गुणवत्ता का पाठ पढ़ाने के बजाय एक ज्वैलरी शॉप की स्कीमों का प्रचार करते हुए वीडियो और फोटो वायरल हुआ। व्हाट्सएप और सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो में डिप्टी बीएसए पर आरोप है कि उन्होंने शिक्षकों को ज्वैलरी शॉप के ऑफर्स की जानकारी दी। हालांकि, मामला प्रकाश में आने के बाद डिप्टी बीएसए राजीव श्रीवास्तव ने खुद मामले से किनारा करते हुए सीआरसी (क्लस्टर रिसोर्स कोऑर्डिनेटर) नीलम सक्सेना को नोटिस जारी कर दिया है। जिसमें उन्होंने प्रशिक्षण के दौरान ज्वैलरी शॉप को कार्यक्रम की मंजूरी देने, गिफ्ट वितरण करने आदि जवाब मांगे हैं। शिक्षक संगठनों ने डिप्टी बीएसए की इस हरकत पर सख्त आपत्ति जताते हुए उच्चाधिकारियों से उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
सीआरसी ने किया था मेसेज
बता दें कि जोगीठेर न्याय पंचायत प्रभारी नीलम सक्सेना की ओर से विकास क्षेत्र क्यारा के जोगीठेर न्याय पंचायत के सभी शिक्षकों के मोबाइल पर शुक्रवार को यू-डायस के प्रशिक्षण के संबंध में पोस्ट किया गया था, जिस पर सारे न्याय पंचायत के शिक्षक अपने शिक्षण कार्य छोड़कर वहां पहुंचे तो नजारा कुछ और ही दिखाई दिया। जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के अध्यक्ष वीके शर्मा ने डिप्टी बीएसए समेत प्रशिक्षण में शामिल शिक्षकों की मिलीभगत की जांच कराने और सख्त कार्रवाई की मांग की है।
मीटिंग के फोटो देखे हैं लेकिन अभी वीडियो नहीं देखा। फोटो से डिप्टी बीएसए पर लगाए जा रहे आरोपों की पुष्टि नहीं हो रही है। वीडियो देखने के बाद ही संबंधित मामले में कुछ कहा जा सकता है।
- तनुजा त्रिपाठी, बीएसए