बदायूं। सीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने प्राइवेट अस्पताल और क्लीनिकों पर शिकंजा कसते हुए प्रदूषण बोर्ड का प्रमाणपत्र मांगा है। इस संबंध में 37 प्राइवेट अस्पताल और क्लीनिक मालिकों को नोटिस दिया गया है। उन्होंने कहा है कि अगर प्रमाण जमा नहीं करेंगे तो वे अपना रजिस्ट्रेशन निरस्त समझें।
इस संबंध में सीएमओ की ओर से एक दिन पहले जिले के सभी प्राइवेट अस्पताल और क्लीनिकों को सचेत किया गया था। इसके साथ ही उनसे प्रदूषण बोर्ड का प्रमाण पत्र जमा करने को कहा गया था। शुक्रवार को सीएमओ ने बताया कि प्राइवेट अस्पताल और क्लीनिकों में मरीजों को भर्ती किया जा रहा है। उन्हें दवा दी जा रही है। मेडिकल वेस्ट फेंका जा रहा है, लेकिन प्रदूषण बोर्ड का प्रमाण पत्र नहीं ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस समय सभी प्राइवेट अस्पताल और क्लीनिकों के रजिस्ट्रेशन नवीनीकृत हो रहे हैं। शुक्रवार को छह प्राइवेट अस्पतालों के नवीनीकरण हुए। उनके पास प्रमाण पत्र था, जिससे नवीनीकरण कर दिया गया। उन्होंने बताया कि जो लोग इसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं, उनके रजिस्ट्रेशन निरस्त करने की कार्रवाई की जा रही है।