बरेली। प्रदेश के पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने कहा- ‘निजी सचिव (पीएस) ओपी कश्यप के स्टिंग ऑपरेशन में फंसने के पीछे सरकार की मेरे खिलाफ कोई साजिश नहीं थी। दरअसल, स्टिंग में पीए ओपी कश्यप ने कमीशन संबंधी जो भी बातें कीं, वह मुझसे संबंधित नहीं थीं। हालांकि पीए ने जो कुछ भी फोन पर कहा, उससे स्पष्ट है कि वह लेन-देन की बात तो कर ही रहा था। प्रमुख सचिव ने उसे तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त कर दिया है।’
बदायूं जाने से पहले पत्रकारों से बात करते हुए ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि लखनऊ में हर मंत्री के निजी सचिव एक दूसरे से बतियाते रहते हैं। अब वह आपस में क्या बातें करते हैं, यह हमें क्या पता। फिलहाल पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के प्रमुख सचिव महेश गुप्ता ने निजी सचिव ओपी कश्यप को तत्काल प्रभाव से हटा दिया है। उसके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हो गई है। एसआईजी पीए के स्टिंग आपरेशन की जांच करेगी। ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि राजनीति का स्तर इतना गिर गया है कि अभी तक इंसानों को जाति धर्म में बांटते थे, लेकिन अब भगवान को भी बांटने लगे हैं। यह सब रोजगार, विकास, शिक्षा से जनता का ध्यान बंटाने के लिए किया जा रहा है।