बरेली। सात मई को मनाई जाने वाली अक्षय तृतीया पर अबकी बार चार ग्रहों का अद्भुत संयोग बन रहा है। ज्योतिषाचार्यों के मुताबिक करीब 16 वर्षों बाद सूर्य बुध युति, मातंग योग, मंगल रोहिणी नक्षत्र और अंगारक योग समेत राहु मंगल युति और रवि योग का दुर्लभ संयोग पड़ रहा है। संयोगों के साथ दिन भर स्वयं सिद्ध मुहूर्त (अबूझ तिथि) होने से मांगलिक कार्य अतिशुभ फलदायी होने की संभावना है।
ज्योतिषाचार्य पं. नीरज शर्मा के मुताबिक मांगलिक कार्यों के लिये अक्षय तृतीया बेहद शुभ मानी जाती है। कारण, अक्षय तृतीया पर मुहूर्त दिखाने की आवश्यकता नहीं पड़ती। मनोनुकूल संकल्पित कार्य सिद्धि की कामना करते हुए कोई भी अपने कारोबार में श्रीगणेश लक्ष्मी पूजन, कुबेर भंडारी, नव ग्रह पूजन, श्री महालक्ष्मी पूजन कर सकता है। इसी दिन परशुराम जयंती भी मनाई जाएगी। मंगलवार में रोहिणी नक्षत्र होने से बनने वाला मातंग योग कुल बुद्धि प्रदान करने वाला माना गया है। बताया कि तृतीया तिथि मध्य रात्रि के बाद अगले दिन यानी बुधवार की देर रात 2.16 बजे तक रहेगी। अक्षय तीज मंगलवार को रोहिणी नक्षत्र में शाम 4.26 बजे तक रहेगा। उसके बाद मृगशिरा नक्षत्र लग जाएगा। स्वयं सिद्ध मुहूर्त अक्षय तीज शाम 4.26 बजे तक होने से ज्योतिषाचार्यों ने शुभ कार्य मृगशिरा नक्षत्र शुरू होने से पहले करने को कहा है। क्योेंकि अक्षय तीज में होने वाला कोई भी कार्य का क्षय नहीं होता।
चार राशियों के लिए होगा बेहद शुभ
बताया कि करीब 16 सालों बाद अक्षय तृतीया पर सूर्य, शुक्र, चंद्र और राहु अपनी उच्च राशि में एक साथ रहेंगे। इससे पहले यह संयोग साल 2003 में बना था। जब पांच ग्रह अपनी उच्च राशि में एक साथ स्थित थे। अबकी बार चार ग्रह अपनी राशि में हैं। इसमें सूर्य मेष, शुक्र मीन, चंद्रमा वृष और राहु मिथुन राशि में विराजमान होंगे। इसलिए इन राशि के जातकों के लिए अक्षय तृतीया अतिशुभ होगी।
खरीदारी का शुभ मुहूर्त
ज्योतिषाचार्य पं. राजेंद्र त्रिपाठी के मुताबिक स्थिर कर्क और सिंह लग्न सुबह 10.35 बजे से दोपहर 2.35 बजे तक रहेगा। इस मुहूर्त में सोने, चांदी की खरीदारी बेहद शुभ रहेगी। दिन में अभिजीत मुहूर्त कर्क लग्न में आएगा, जिसमें अनेक दोष निवारण की क्षमता होती है। इस बीच संपन्न किए गए शुभ कार्य अथवा देव पूजन का कर्मफल निष्फल नहीं होता।
शुभ मुहूर्त:
श्रेष्ठ चौघड़िया - सूर्योदय से सुबह 8.58 बजे तक
अमृत चौघड़िया - सुबह 8.59 बजे से दोपहर 1.54 बजे तक
विशेष संयोग का मुहूर्त
- 3 मई को सूर्य बुध की युति बुधादित्य योग मेष राशि में जो 7 को भी रहेगा।
- 7 मई को रवि योग शाम 4.27 से 8 मई की शाम 4 बजे तक रहेगा।
- 7 मई को मंगल का मिथुन राशि में प्रवेश सुबह 6.53 बजे हो जाएगा।
- मिथुन राशि में मंगल राहु (अंगारक योग) 22 जून की रात 11.20 बजे तक रहेगा।