बरेली। उत्पादन के सापेक्ष कई गुना कम जीएसटी जमा कर रहे ईंट भट्ठा संचालकों की पोल एसआईबी टीम की जांच में सामने आने लगी है। बदायूं के बिल्सी के नौगांव स्थित हरि गंगा ईंट उद्योग के भौतिक सत्यापन में क्लोजिंग स्टॉक से 10,57,100 ईंटें ज्यादा मिलीं। बता दें कि अमर उजाला ने ईंट भट्ठा संचालकों द्वारा जीएसटी चोरी की खबर प्रमुखता से प्रकाशित की थी। इसका संज्ञान लेकर जांच शुरू की गई है।
जीएसटी अपर आयुक्त ग्रेड-1 दिनेश कुमार मिश्र के मुताबिक स्टॉक से ज्यादा ईंट सीज की गई हैं। 14 संदिग्ध अभिलेख भी जांच के लिए कब्जे में लिए हैं। जांच में मिले प्रतिकूल तथ्यों की समीक्षा के बाद प्रारंभिक जांच रिपोर्ट न्याय निर्णयन अधिकारी को भेजी जाएगी।
बताया कि बदायूं में 143 ईंट भट्ठे जीएसटी में पंजीकृत हैं। इन सभी ईंट भट्ठों की निगरानी के लिए कुंडली बना ली गई है। 15 भट्ठे ऐसे हैं जो सबसे कम जीएसटी जमा कर रहे हैं। इनकी जांच के लिए टीम गठित की गईं। टीम का नेतृत्व एसआईबी संयुक्त आयुक्त रेंज-ए नीलम रानी कर रही हैं।
टीम में सहायक आयुक्त विकास मिश्रा, वेद प्रकाश शुक्ला व अन्य शामिल हैं। जहां टैक्स जमा करने में खेल मिलेगा, उनपर कार्रवाई होगी।
बरेली, पीलीभीत में भी एसआईबी ने शुरू की जांच
अपर आयुक्त ग्रेड-1 के मुताबिक शुक्रवार को दोपहर में पीलीभीत के साबरी बिक्र फील्ड और बरेली में मीरगंज के बल्ली गांव स्थित गौसिया ईंट उद्योग की जांच भी एसआईबी ने शुरू कर दी है। ईंट उत्पादन का स्टॉक से मिलान के साथ संचालक के बैंक खाता, आयकर विवरण व अन्य आय के स्रोतों को टीम खंगाल रही है। बताया कि जो भट्ठा व्यापारी नियमानुसार टैक्स दे रहे हैं, उन्हें सूची में शामिल नहीं किया है। न भट्ठों की जांच होगी।
टीम में ये अधिकारी शामिल
बरेली के भट्ठों की जांच के लिए संयुक्त आयुक्त कार्यपालक रेंज-ए केके गुप्ता, एसआईबी संयुक्त आयुक्त रेंज-ए नीलम रानी के नेतृत्व में टीम गठित हुई है। शाहजहांपुर और पीलीभीत के भट्ठों की जांच के लिए रेंज-बी बरेली कार्यपालक अवधेश सिंह, कार्यपालक कुमार गौड़ को जिम्मेदारी दी गई है। बता दें कि बरेली जोन में 712 ईंट भट्ठा संचालित हैं। 217 भट्ठे मानक से कम जीएसटी जमा कर रहे हैं। अमर उजाला ब्यूरो