बरेली। मोहर्रम को लेकर पुलिस-प्रशासन की ओर से सख्त दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। जिले भर में निकलने वाले 1033 ताजियों की निगरानी के लिए इतनी ही संख्या में पुलिसकर्मियों की लगाया गया है। ड्रोन कैमरों की मदद से भी जुलूसों पर नजर रखी जाएगी।
कोई भी ताजिया 12 फीट से ऊंचा नहीं होगा। इसके सत्यापन की जिम्मेदारी थाना प्रभारियों को दी गई है। मंगलवार को जीआईसी ऑडिटोरियम में हुई सेंट्रल पीस कमेटी की बैठक में भी डीएम अविनाश सिंह और एसपी सिटी मानुष पारीख की ओर इन दिशा-निर्देशों की जानकारी दी गई।
पिछले वर्ष फरीदपुर क्षेत्र के गौसगंज में 23 फीट ऊंचा ताजिया हाईटेंशन लाइन से टकरा गया था। इससे उसमें आग लग गई। घटना के बाद ताजियादारों के खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज कराई गई थी। कुछ पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई भी हुई थी। इसी के चलते इस बार ताजिये की ऊंचाई की सीमा 12 फीट तय की गई है।
सबसे अधिक 93 ताजिये नवाबगंज क्षेत्र में निकाले जाएंगे। बहेड़ी में 81, हाफिजगंज में 79, भोजीपुरा और सीबीगंज में 60-60, शाही में 55 और फतेहगंज पश्चिमी में 50 ताजिये निकाले जाएंगे। एसएसपी अनुराग आर्य ने कहा कि मोहर्रम को पूरी तरह शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में संपन्न कराने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं।
झूलते तारों और सड़क के गड्ढों को दुरुस्त कराने के निर्देश
सेंट्रल पीस कमेटी की बैठक में मौजूद लोगों ने डीएम को बताया कि जुलूस मार्ग पर बिजली के तार लटक रहे हैं। सड़क पर गड्ढे होने से भी समस्या हो सकती है। इसके अलावा, जगह-जगह यातायात पुलिस की ओर से अस्थायी बैरिकेडिंग रख गई हैं, इनसे भी असुविधा हो सकती है। डीएम ने संबंधित विभागों को आवश्यक इंतजाम करने के लिए कहा। इस दौरान नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य, एडीएम प्रशासन पूर्णिमा सिंह, एडीएम सिटी अविनाश त्रिपाठी, एसपी दक्षिणी अंशिका वर्मा, एसपी उत्तरी मुकेश चंद्र मिश्रा आदि मौजूद रहे।