बरेली। मथुरा-बरेली हाईवे का चौड़ीकरण कराने के लिए आगरा की एजेंसी ने 113 गांवों की सूची प्रशासन को भेज दी है। इनमें बरेली के 55 और बदायूं के 58 गांव शामिल हैं। इन गांवों में रोड के किनारे वाली जमीन का खसरा-खतौनी से मिलान किया जा रहा है। एसएलओ दफ्तर की टीम अगले माह से अधिग्रहण के लिए जमीन का सर्वे शुरू करेगी।
बरेली से बदायूं होते हुए मथुरा की दूरी 217 किलोमीटर की है। उधर, बरेली-आगरा फोरलेन मथुरा होकर बनाए जाने का प्रोजेक्ट स्वीकृत हो चुका है। विशेष भूमि अध्यापित अधिकारी के दफ्तर में बरेली-बदायूं के 113 गांवों की जमीन अधिग्रहण की फाइल तैयार हो रही है। कितनी जमीन का अधिग्रहण किया जाना है, अभी यह तय नहीं है। मगर प्रत्येक गांव में अधिग्रहण होने वाली जमीन का रकबा ले लिया गया है। उसका खतौनी खसरा से मिलान हो रहा है। दो दिन में यह काम समाप्त हो जाएगा। उसके बाद दिसंबर के पहले सप्ताह से बरेली-बदायूं के सभी 113 गांवों में जमीन अधिग्रहण के लिए सर्वे शुरू हो जाएगा। विशेष भूमि अध्यापित अधिकारी सुल्तान अशरफ सिद्दीकी ने बताया कि हाईवे चौड़ीकरण का सर्वे एकसे डेढ़ महीने तक चलेगा। इसमें किसान और उनके नाम खतौनी में दर्ज जमीन की स्थिति का आकलन होगा।