बरेली कॉलेज में प्राचार्य पद फिर विवादों में है। मामला अब जिला प्रशासन तक पहुुंच गया है। सोमवार को एडीएम सिटी आलोक कुमार ने प्राचार्य डॉ. अजय शर्मा और प्राचार्य पद पर दावा ठोकने वाले कामर्स विभाग के डॉ. एके सक्सेना को तलब किया। दोनों का पक्ष सुना गया। इस मामले में क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी डॉ. आरपी यादव को भी तलब किया गया। बात सामने आई कि मौजूदा प्राचार्य के सेवानिवृत्त होने के बाद प्रबंध समिति अपने स्तर से तीन माह के लिए किसी को भी प्राचार्य बना सकती है। उसके बाद वरिष्ठता सूची के हिसाब से ही प्राचार्य बनाया जाएगा, जिसमें प्रबल दावेदार डॉ. एके सक्सेना ही हैं, जिन्होंने पिछले दिनों प्रबंधन को प्राचार्य पद को लेकर अपना पत्र सौंपा था कि नियमानुसार उनको प्राचार्य बनाया जाना चाहिए।
...तो फिर तीन माह बाद ही बदल जाएंगे प्राचार्य
बरेली कॉलेज में तीन माह बाद प्राचार्य पद पर फिर बदलाव होने की उम्मीद बढ़ गई है। एमडीएम सिटी आलोक कुमार के सामने क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी डॉ. आरपी यादव ने कहा कि मौजूदा प्राचार्य के सेवानिवृत्त होने के बाद प्रबंधन तीन माह के लिए किसी को भी प्राचार्य बना सकता है। इस पर डॉ. एके सक्सेना ने कहा कि अगर ऐसा है तो अगले तीन माह बाद उनको प्राचार्य बनाया जाना चाहिए। अब मामला 29 जून को होने वाली बोर्ड ऑफ कंट्रोल की बैठक में रखा जाएगा।
कर्मचारियों का भी सुना पक्ष
एडीएम सिटी ने बरेली कॉलेज से निकाले गए अस्थायी कर्मचारियों का मामला भी सुना। कर्मचारियों ने अपना पक्ष रखा और प्राचार्य ने अपना। बाद में तय हुआ कि मामला प्रबंध समिति का है तो वही इसमें निर्णय ले सकती है। अब मामला बोर्ड ऑफ कंट्रोल की बैठक में रखा जाएगा। उसी में कर्मचारियों के मामले का निपटारा होगा। वहीं बरेली कॉलेज में अनियमितताओं की शिकायत पर भी एडीएम ने प्राचार्य से वार्ता की।