बरेली। शासन के निर्देश पर सोमवार को मंडलायुक्त ने आयुष चिकित्सालयों का औचक निरीक्षण कराया तो मंडल के चारों जिलों में सौ आयुष चिकित्सक गैरहाजिर मिले। निरीक्षण की रिपोर्ट शासन को भेजकर सभी जिलाधिकारियों को नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
मंडलायुक्त द्वारा जारी निरीक्षण की रिपोर्ट के अनुसार बरेली के 27, बदायूं के 17, पीलीभीत के 14, शाहजहांपुर के 21 अफसरों ने चिकित्सालयों की जांच की। बरेली में 37, बदायूं में 15, पीलीभीत में 19, शाहजहांपुर में 19 आयुष चिकित्सक अनुपस्थित मिले। रिपोर्ट के अनुसार बरेली में सबसे ज्यादा चिकित्सक गायब रहे।
चिकित्सक ही नहीं तो कैसे मिले बेहतर इलाज
आयुष केंद्रों की रिपोर्ट सामने आने से आयुष चिकित्सालयों में मरीजों को बेहतर इलाज मिलने का दावा की भी पोल खुल गई है। बताया जाता है कि केंद्रों पर जब चिकित्सक ही नहीं हैं तो अब ओपीडी में गिने चुने मरीज ही इलाज के लिए पहुंचते हैं। आयुष चिकित्सालयों के संचालन का उद्देश्य स्थानीय स्तर पर मरीजों को बेहतर इलाज मुहैया कराना था। अनदेखी से पलीता लग रहा है।
कहां कितने किस विधा के आयुष चिकित्सक
बरेली में एलोपैथ के 75, आयुर्वेद के 50, होम्योपैथ के 21, यूनानी के 10 चिकित्सक हैं। बदायूं में एलोपैथ के 42, आयुर्वेद के 17, होम्योपैथ के आठ, यूनानी के आठ चिकित्सक हैं। पीलीभीत में एलोपैथ के 37, आयुर्वेद के 30, होम्योपैथ के 22, यूनानी के दाे चिकित्सक हैं। शाहजहांपुर में एलोपैथ के 36, आयुर्वेद के 41, होम्योपैथ के 12 और यूनानी के 23 चिकित्सक हैं। अमर उजाला ब्यूरो