बाराबंकी। माफिया मुख्तार अंसारी के चर्चित एंबुलेंस प्रकरण में दर्ज गैंगस्टर के मुकदमे में 25 हजार के इनामी जाफरी को नगर कोतवाली पुलिस टीम ने शुक्रवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इसके साथ ही इस मामले के सभी 13 आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। अब विवेचक को साक्ष्य संकलन कर आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्तार अंसारी के पंजाब जेल में बंद होने के दौरान अदालत से लाने व ले जाने के लिए प्रयोग की जा रही एंबुलेंस का फर्जी दस्तावेज से पंजीकरण कराने के मामले में नगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया था। जालसाजी के इस मुकदमे में मुख्तार अंसारी समेत 13 लोग नामजद थे। इस मामले में चार अप्रैल 2021 को पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था। कुछ दिनों बाद इस मामले में आठ आरोपी अदालत से जमानत पर छूट गए थे। 25 मार्च को पुलिस ने नगर कोतवाली में माफिया मुख्तार अंसारी समेत 13 पर गैंगस्टर का मुकदमा दर्ज किया था। इसमें से पुलिस ने जेल से जमानत पर छूट चुके आठ आरोपियों में से अस्पताल संचालिका डॉ. अलका राय व शेषनाथ राय समेत छह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। मगर मो. शाहिद व मो. जाफरी फरार चल रहे थे।
मंगलवार को पुलिस अधीक्षक अनुराग वत्स ने दोनों अपराधियों पर 25-25 हजार रुपये का ईनाम घोषित किया था। इसमें से एक को पुलिस ने बृहस्पतिवार को दबोच लिया था। जबकि दूसरे इनामी लखनऊ के वजीरगंज निवासी अली मो. जाफरी को नगर कोतवाल संजय मौर्या की टीम ने शुक्रवार को सफेदाबाद पुल के पास से गिरफ्तार कर लिया। सीओ सिटी आतिश कुमार सिंह ने बताया कि गैंगेस्टर के सभी 13 आरोपी जेल भेज दिए गए हैं। इस मामले की विवेचना कर रहे देवा एसओ अजय सिंह को साक्ष्य संकलन कर आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।