हैदरगढ़ कस्बे के एक व्यापारी के सगे भाई ने ही सोमवार को भतीजे का अपहरण करवाकर दस लाख रुपये की फिरौती मांगी। इसके बाद हरकत में आयी पुलिस ने वारदात के चंद घंटाें बाद ही बच्चे को सकुशल मुक्त कराते हुए चाचा समेत पांच आरोपियों को सोमवार की शाम गिरफ्तार कर लिया। हालांकि पुलिस चाचा को छोड़ अभी अन्य किसी आरोपी के नाम का खुलासा नहीं कर रही है। आरोपियों से पूछताछ कर उनके अन्य साथियों के बारे में पता लगाया जा रहा है।
हैदरगढ़ कस्बे के रहने वाले देवेंद्र प्रताप सिंह का घर बाराबंकी मार्ग पर लिल्हौरा वार्ड में है। देवेंद्र प्रताप सिंह की कस्बे में ही एक दुकान है जिसमें वह कई तरह का व्यापार करते हैं। सोमवार की सुबह करीब 9 बजे इनका 6 वर्षीय पुत्र सचिन प्रताप सिंह घर के बाहर खेल रहा था। तभी कुछ बदमाश उसका अपहरण कर ले गए। बच्चे के लापता होने का पता लगने पर परिवारीजनों ने उसकी तलाश शुरू कर दी। बच्चे का पता न लगने पर परिवारीजनों ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। इसी बीच अपहरण किए गए बच्चे के चाचा जेपी सिंह के मोबाइल नंबर पर एक अनजान नंबर का मैसेज आया जिसमें लिखा था कि आपका बेटा हमारे पास है और अगर उसकी सलामती चाहते हो तो दस लाख रुपये की फिरौती दो।
इस बारे में पता लगते ही सक्रिय हुई पुलिस ने बदमाशों की तलाश शुरू कर दी और मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज किया। पुलिस ने तेजी दिखाते हुए शाम को बच्चे को मुक्त करा लिया। अपहरण कराने वाला उसका सगा चाचा दिवाकर सिंह ही मुख्य साजिशकर्ता निकला। पुलिस ने आरोपी चाचा समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया है जबकि अभी अन्य आरोपी फरार हैं। पुलिस की माने तो इस पूरी साजिश में सात से भी अधिक लोग शामिल थे जिनके बारे में पता लगाया जा रहा है। पुलिस द्वारा सिर्फ आरोपी चाचा दिवाकर सिंह का नाम बताया जा रहा है अन्य किसी आरोपी का नाम पुलिस अभी बताने से इंकार कर रही है। पुलिस अधिकारी मंगलवार को पूरे मामले का खुलासा करने की बात कह रहे हैं।