आशा संगिनी भर्ती घोटाला
जांच के लिए प्रमुख सचिव को भेजी सीडी
आशा संगिनी भर्ती में घोटाले का भंडाफोड़ होने के बाद डीएम ने शुक्रवार को पैसा मांगने संबंधित सीडी जांच के लिए शासन को भेज दी। वहां से रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया अब हर भर्ती बोर्ड में जिले स्तर का एक अधिकारी होगा। संगिनी बनने के लिए साइकिल चलाकर दिखाना अनिवार्य होगा। साथ ही इंटरव्यू में दिए गए अंकों की भी समीक्षा की जाएगी।
जिलाधिकारी योगेश्वर राम मिश्र ने आशा संगिनी भर्ती में घोटाला मामले को काफी गंभीरता से लिया है। घोटाला सामने आने के बाद शासन के आदेश पर उन्होंने 99 संगिनी की भर्ती निरस्त कर फिर से प्रक्रिया शुरू करने का आदेश दिया था।
गुरुवार को उन्होंने बताया कि अब हर भर्ती बोर्ड में जिला स्तरीय अधिकारी भी शामिल होंगे। चयन उन्हें आशाओं का होगा जो मानक पर खरी उतरेंगी। जिलाधिकारी योगेश्वर राम मिश्र ने कहा कि अब नए सिरे चयन कमेटी बनाई जाएगी। इन कमेटी द्वारा आशाओं को दिए गए अंकों की भी समीक्षा होगी। इंटरव्यू प्रक्रिया में यदि जरा सी भी लापरवाही बरती गई तो दोषी के खिलाफ कार्रवाई होगी।
प्रमुख सचिव को भेजी सीडी
आशा संगिनी की भर्ती में रुपये लेने का आरोप लगा था। इसकी एक सीडी भी कुछ लोगों ने बनाकर डीएम को सौंपी थी। जिलाधिकारी योगेश्वर राम मिश्र ने बताया कि जिस सीडी में आशा संगिनी के चयन के लिए रिश्वत की मांग की गई है। वह सीडी प्रमुख सचिव स्वास्थ्य को भेजी गई है। वहां जांच होने के बाद दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
नौकरी गई, पैसा भी फंसा
आशा संगिनी की चयन निरस्त किए जाने से जहां चयन से वंचित रही आशाओं में उत्साह है वहीं हाथ में आई नौकरी जाने से चयनित आशाओं ने निराशा है। नाम नहीं लेने की शर्त पर कई आशाओं ने बताया कि चयन के लिए विभाग के लोगों ने एक लाख रुपये तक लिए थे। चयन होने का पूरा आश्वासन दिया गया था। चयन हुआ भी पर हाथ आई नौकरी चली गई। पैसा भी फंसा हुुआ है।