बांदा। चित्रकूटधाम मंडल के सभी सरकारी अस्पतालों में मरीजों का ऑपरेशन पूरी तरह ठप रहने पर प्रदेश के महानिदेशक चिकित्सा, स्वास्थ्य सेवाओं ने कड़ी नाराजगी जताई है। इसमें सुधार न होने पर यहां तैनात सर्जनों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी है।
कोरोना महामारी के चलते चित्रकूटधाम मंडल के सरकारी अस्पतालों में तैनात सर्जनों ने छोटे-बड़े ऑपरेशन से मुंह मोड़ लिया है। मरीजों को प्राइवेट अस्पतालों भारी फीस चुकाकर ऑपरेशन कराने पड़ रहे हैं। चित्रकूटधाम मंडल के चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण अपर निदेशक ने शुक्रवार को मंडल के चारों जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और मुख्य चिकित्सा अधीक्षकों को इस बाबत कड़ा पत्र जारी किया है।
पत्र में कहा है कि प्रदेश के महानिदेशक (चिकित्सा स्वास्थ्य सेवाओं) ने फोन पर बताया है कि मंडल के सभी जिलों में तैनात सर्जनों द्वारा किए गए मेजर/माइनर ऑपरेशन की मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री हर दिन समीक्षा कर रहे हैं। इस समीक्षा में मंडल के जिलों में तैनात सर्जनों की प्रगति नगण्य व शून्य है। इस पर नाराजगी व्यक्त की गई है।
इस बारे में सभी सर्जनों को कई बार चेतावनी दी जा चुकी है। फिर भी कोई प्रगति या सुधार नजर नहीं आ रहा है। अपर निदेशक ने मंडल के सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों व मुख्य चिकित्सा अधीक्षकों को निर्देश दिया है कि अपने अधीनस्थ तैनात सर्जनों को मेजर/माइनर ऑपरेशन करने व प्रगति में प्रतिदिन सुधार लाने के लिए चेतावनी जारी करें, वरना कठोर कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा जाएगा।