बांदा। ‘अमर उजाला’ की मुहिम हेलमेट लगाएं-जान बचाएं
की पुलिस अफसरों ने सराहना की है। अपर पुलिस अधीक्षक और यातायात
क्षेत्राधिकारी ने कहा कि अभियान चलाकर दोपहिया वाहन सवारों को हेलमेट के
प्रति जागरूक किया जाएगा। हेलमेट का प्रयोग न करने वालों के साथ सख्ती की
जाएगी।
अधिकांश बाइक सवार हेलमेट का प्रयोग नहीं करते, जबकि सड़क
दुर्घटनाओं में कई बाइक सवारों को जान जा चुकी है। हेलमेट लगाने से हेड
इंजरी का खतरा कम रहता है।
चेहरा भी सुरक्षित रहता है। अभी तक
सिर्फ यातायात माह में हेलमेट लगाने को प्रेरित किया जाता है। यातायात
पुलिस आंकड़ों के मुताबिक यातायात नवंबर माह में 48 और पूरे साल में अब तक
169 लोगों का बिना हेलमेट चालान किया गया।
जागरूकता के अभाव में अब
सिर्फ एक माह अभियान चलाने से काम चलने वाला नहीं है। ट्रैफिक पुलिस भी
यातायात माह के बाद चुप्पी साध लेती है।
अपर पुलिस अधीक्षक आशुतोष शुक्ल ने अमर उजाला मुहिम की सराहना की। कहा कि यातायात पुलिस भी इस मुहिम को सफल बनाने में जुटेगा।
उधर,
क्षेत्राधिकारी (यातायात) विनोद सिंह ने कहा कि हर हाल में हेलमेट लगाने
पर जोर दिया जाएगा। एक सप्ताह बाद इसके लिए अभियान चलाएंगे। फिर भी बाइक
सवार हेलमेट नहीं लगाते तो उनका चालान होगा।
बाइक सवारों को जागरूक
करने के लिए चलाए जा रहे हेलमेट अभियान की बुद्धिजीवी वर्ग ने सराहा है।
शिवपुरी मोहल्ला निवासी वरिष्ठ पत्रकार उमाकांत दीक्षित ने इसे जीवन रक्षक
बताया।
उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष सात फरवरी को वह बाइक पर
बांदा से अतर्रा आ रहे थे। नंदना गांव के पास सामने से आ रहे ट्रक ने टक्कर
मार दी। उछलकर दूर जा गिरे।
शुक्र है ऊपर वाले का उस समय हेलमेट
लगाए थे। पैर में फैक्चर हो गया, पर हेलमेट लगाने की वजह से जान बच गई। अब
वह बाइक चलाने वालों को हेलमेट लगाने की नसीहत देते हैं और जागरूक कर रहे
हैं।