बांदा। फायरिंग कर आठ लाख लूटने वाले तीन गैंगस्टरों को विशेष न्यायाधीश (गैंगस्टर एक्ट) श्रीपाल सिंह ने पांच-पांच साल की सजा व छह-छह हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन ने बताया कि पांच जनवरी 2010 की रात करीब 10 बजे हरपाल सिंह आहूजा अपने मकान के सौदे के आठ लाख रुपये लेकर कार से घर लौट रहे थे। उनके साथ चालक समी सरदार था। घर के पास पहुंचने पर बाइक से आए तीन लोगों ने वाहन को रोककर फायरिंग शुरू कर दी। फायरिंग के दौरान समी सरदार के दाहिने हाथ में गोली लगी। इसके बाद बदमाश वाहन में रखी आठ लाख रुपये की रकम से भरी प्लास्टिक की बोरी लेकर बाइक से भाग गए।
विवेचना के दौरान अभियोजन साक्ष्य के अनुसार लूटी गई रकम में से तीन लाख रुपये कपिल की दुकान से बरामद किए गए थे। मामले में वादी निरीक्षक दयाशंकर सिंह रहे जबकि विवेचना विवेचक मनोज कुमार कौशिक ने की थी।
न्यायालय ने शहर के बन्यौटा मोहल्ला निवासी कपिल, मर्दन नाका बारी मोहाल निवासी पुनीत व अलीगंज हाथीखाना निवासी मन्नू उर्फ महमूद उल्ला को पांच-पांच वर्ष के कठोर कारावास व अर्थदंड से दंडित किया है। तीनों दोषसिद्ध अभियुक्तों को न्यायिक अभिरक्षा में लेकर सजा भुगतने के लिए जिला कारागार, बांदा भेज दिया है।
मामले में प्रारंभ में पांच अभियुक्तों का उल्लेख था। न्यायालय के आदेश के अनुसार रफत उल्ला तथा जैनब के न्यायालय में उपस्थित नहीं होने के कारण उनकी पत्रावलियां पूर्व में अलग कर दी गई थीं। वर्तमान निर्णय कपिल, पुनीत एवं मन्नू उर्फ महमूद उल्ला के विरुद्ध विचारण से संबंधित है।