बांदा। तीन युवतियों के यौन शोषण व मानव तस्करी में आरोपी स्वतंत्र साहू और आशीष अग्रवाल के मंडल कारागार में विवेचक सीओ राजीव प्रताप सिंह ने बयान लिए। शनिवार की शाम चार बजे मंडल कारागार पहुंचे सीओ ने दोनों से अलग-अलग बयान लिए। विवेचक ने बयानों को गोपनीय बताते हुए कहा कि विवेचना जारी है। जल्द ही विवेचना पूरी कर वह केस डायरी कोर्ट में शामिल करेंगे।
उन्होंने बताया कि आरोपी खुद को निर्दोष बता रहे हैं, लेकिन वह कोई ऐसा साक्ष्य नहीं दे सके हैं, जिससे उनकी इस कांड में संलिप्तता शामिल न हो। सभी अपराधी अपराध करने के बाद अपने आपको निर्दोष बताता है। उन्होंने यह भी कहा कि विवेचना पूरी पारदर्शिता से की जा रही है। हालांकि प्रारंभिक जांच में यौन शोषण और मानव तस्करी के आरोप तो साबित हो चुके हैं।
बता दें कि 22 मार्च को तीन युवतियों ने तीन कारोबारियों आशीष अग्रवाल, स्वतंत्र साहू और लोकेंद्र सिंह चंदेल के खिलाफ नौकरी देने और दिलाने के नाम पर यौन शोषण और दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। विवेचक सीओ सिटी ने लड़कियों के बयानों और पेन ड्राइव के आधार पर तीनों को नामजद किया था। इसके बाद नवीन विश्वकर्मा को केस में नामजद करते हुए 27 मार्च को गिरफ्तार किया था। गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद लोकेंद्र को पुलिस ने दो अप्रैल को मध्य प्रदेश के कटनी से गिरफ्तार किया था। उसी दिन शाम को आरोपी स्वतंत्र साहू ने न्यायालय में समर्पण कर दिया था।