बांदा। गलत तरीके से पीएम आवास आवंटन पर जिला पंचायत राज अधिकारी ने महुआ विकास खंड के ग्राम पंचायत अधिकारी शशि प्रकाश पांडेय को निलंबित कर दिया है। इसकी सिफारिश परियोजना निदेशक (जिला ग्राम्य विकास अभिकरण) ने की थी। अपर जिला पंचायत राज अधिकारी को जांच सौंपी गई है।
परियोजना निदेशक ने जिला पंचायत राज अधिकारी सर्वेश कुमार को भेजे पत्र में अवगत कराया था कि प्रधानमंत्री आवास योजना में धांधली की शिकायत पर जांच की गई तो विकास खंड नरैनी के ग्राम पंचायत नहरी में पाया गया कि राकेश की पत्नी केशकी को केशकली विधवा कुंवर की आईडी पर गलत तरीके से आवास आवंटित कर दिया गया।
इसी गांव में चुनकू की पत्नी सुनीता के स्थान पर दशरथी की पत्नी सुनीताको आवास आवंटित कर दिया गया। ग्राम सचिव ने अभी तक ग्राम पंचायत पथरा के अभिलेेेेेखों का चार्ज भी नहीं दिया। सचिव के विरुद्ध कार्रवाई के लिए कहा गया था।
परियोजना निदेशक की सिफारिश के बाद जिला पंचायत राज अधिकारी सर्वेश कुमार ने सचिव शशि प्रकाश पांडेय को निलंबित कर विकास खंड महुआ से संबद्ध किया है। मामले की जांच अपर जिला पंचायत राज अधिकारी रमेश चंद्र गुप्ता को सौंपी है।
सूचना न देने पर एक्सईएन पर 25 हजार जुर्माना
बांदा। सूचना न देने पर राज्य सूचना आयोग ने पीडब्ल्यूडी अधिशासी अभियंता सुमंत कुमार को 25 हजार का जुर्माना किया है। इनके वेतन से कटौती करने के आदेश दिए हैं।
बुंदेलखंड आजाद सेना अध्यक्ष व आरटीआई एक्टिविस्ट प्रमोद कुमार आजाद ने 7 फरवरी 2018 को जन सूचना अधिकार के तहत अधिशासी अभियंता (प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग) में आवेदन किया था, लेकिन उन्होंने सूचना नहीं दी।
प्रमोद आजाद ने 20 मार्च को अधीक्षण अभियंता बांदा के यहां प्रथम अपील प्रस्तुत की। इसके बाद भी सूचनाएं नहीं मिलीं। उन्होंने 17 सितंबर 2018 को राज्य सूचना आयोग में अपील की। आयोग में तीन वर्ष तक सुनवाई चली। अधिशासी अभियंता ने पक्ष रखते हुए कहा कि सूचनाएं दे दी गई हैं।
आयोग ने सूचनाएं भेजने का प्रमाण मांगा, लेकिन वह नहीं दे पाए। आयोग ने अधिशासी अभियंता पर सूचना न देने में लापरवाही मानते हुए 25 हजार रुपये जुर्माना किया है। जिलाधिकारी व कोषाधिकारी को आदेश दिए कि उक्त धनराशि अधिशासी अभियंता के वेतन से कटौती की जाए।