बांदा। प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना के तहत की गई वित्तीय गड़बड़ी में की गई जांच में दोषी पाए गए तीन लोगों पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। इनके खिलाफ जिला उद्यान अधिकारी ने कोतवाली में शासकीय धनराशि हड़पने के उद्देश्य से कूटरचित षड्यंत्र रचने का मामला दर्ज कराया है।
जिला उद्यान अधिकारी केशव राम चौधरी ने तहरीर में बताया कि प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना के तहत बेरोजगार युवकों को उद्योग लगाने के लिए लोन दिया जाता है। इस योजना के तहत करीब 182 लोगों को योजना के तहत लोन दिया गया था। इस योजना में गड़बड़ी की शिकायतें मिल रहीं थीं। इस बीच तिंदवारा गांव निवासी संदीप कुमार ने आरोप लगाया था कि उसने जिस कंपनी का कोटेशन लगाया था उसमें लोन स्वीकृत होने के बावजूद बैंक ने उसे धनराशि भेजने के बजाए आकांक्षा कुशवाहा को भेज दी। संदीप कुमार का आरोप था कि आकांक्षा कुशवाहा और उद्यान विभाग के डिस्ट्रिक्ट रिसोर्स पर्सन (डीआरपी) शिवम द्विवेदी की इसमें मिलीभगत थी। इसी साठगांठ के चलते उसे पूरी धनराशि नहीं दी गई। करीब डेढ़ लाख रुपये काटकर शिवम द्विवेदी ने धनराशि उपलब्ध कराई थी। इस शिकायत पर अग्रणी प्रबंधक इंडियन बैंक ने जांच की थी। जांच में मामला सही पाए जाने पर शिकायतकर्ता तिंदवारा गांव निवासी संदीप कुमार, खम्हौरा गांव निवासी व अंकिता इंटरप्राइजेज की आकांक्षा कुशवाहा और उद्यान विभाग के डीआरपी अतर्रा निवासी शिवम द्विवेदी के खिलाफ कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। शहर कोतवाल बलराम सिंह ने बताया कि जिला उद्यान अधिकारी की तहरीर पर तीन पर वित्तीय अनियमितताओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। विवेचना की जा रही है।
यह था पूरा मामला
शिकायतकर्ता ने पुरानी मशीनें लगाई थीं, जांच में हुआ था खुलासा
जिला उद्यान अधिकारी केशव राम चौधरी ने बताया कि अग्रणी प्रबंधक इंडियन बैंक ने जांच शुरू की। अपनी जांच रिपोर्ट में बैंक प्रबंधक ने बताया कि तिंदवारा निवासी संदीप कुमार ने इंडियन बैंक शाखा तिंदवारा से उद्यान विभाग की योजना के तहत सात लाख रुपये का लोन लिया था। इसकी पत्रावली डीआरपी उद्यान विभाग शिवम द्विवेदी ने तैयार कराई थी। लोन स्वीकृत होने के बाद आंतरिक विभागीय अप्रूवल के बाद मेसर्स अंकिता इंटर प्राइजेज के कोटेशन में लिखित बैंक खाते एक्सिस बैंक में इंडियन बैंक तिंदवारा की ओर से 22 दिसंबर को 4.50 लाख रुपये का लोन, 31 दिसंबर को 0.75 लाख कुल 5.25 लाख रुपये ट्रांसफर किए गए। उधर, एक्सिस बैंक से खाताधारक आकांक्षा कुशवाहा द्वारा 23 दिसंबर 2022 को 541550 रुपये उद्यान विभाग के डीआरपी शिवम द्विवेदी के भारतीय स्टेट बैंक में संचालित व्यक्तिगत बचत खाते में ट्रांसफर किए। इसके बाद शिवम द्विवेदी ने भारतीय स्टेट बैंक के खाते से तीन लाख 50 हजार रुपये संदीप कुमार के स्टेट बैंक में संचालित व्यक्तिगत बचत खाते में ट्रांसफर किए। बैंक ने लोन सत्यापन की प्रक्रिया में संदीप ने न तो अंतिम बिल जमा किया और न ही वेंडर अंकिता इंटरप्राइजेज द्वारा मशीनों की सप्लाई की गई। बैंक के दबाव बनाने पर संदीप ने पुरानी आटा चक्की मशीन लगाई। पूरा प्रोजेक्ट न लगने के कारण बैंक ने कैश क्रेडिट लिमिट रिलीज नहीं की और न ही संदीप ने इसके लिए कोई आवेदन किया। इस वजह से बैंक में पोस्ट डिस्बर्समेंट प्रक्रिया अभी लंबित है। जब बैंक ने लोन वसूली की आरसी जारी की तब संदीप कुमार ने शिकायत दर्ज कराई थी।