बांदा। 15 जुलाई तक चलने वाला स्वास्थ्य विभाग का कोरोना सर्वे अभियान खानापूर्ति में निपट रहा है। सर्वे टीमें घरों में दस्तक देकर रस्म अदायगी कर रही हैं। जिले में 612 टीमें लगी हैं। किसी भी सर्वे टीम के पास न तो थर्मल स्कैनर है और न ही ऑक्सीमीटर। टीमें शुगर, ब्लड प्रेशर आदि मर्ज की जानकारी जुटाकर आगे बढ़ रही हैं।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर कोरोना सर्वे अभियान चल रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने आशा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और वालंटियर की 612 टीमें गठित की हैं। इनमें शहर में 65 टीमें डोर टू डोर सर्वे में लगाई गई हैं। सर्वे शुरू होने से पहले कहा गया था कि हर घर के प्रत्येक व्यक्ति के स्वास्थ्य की जानकारी जुटाई जाएगी। कोरोना लक्षण वालों की पहचान कर जांच होगी। टीमों का सर्वे बुखार, खांसी, जुकाम, शुगर, ब्लड प्रेशर, टीबी, कैंसर आदि रोगों की जानकारी जुटाने तक ही सीमित रह गया है। अब तक लगभग तीन लाख घरों में 13 लाख लोगों की जानकारी जुटाने का दावा किया गया है।
सीएमओ डॉ. संतोष कुमार ने बताया कि हर टीम को थर्मल स्कैनर और ऑक्सीमीटर उपलब्ध करा पाना मुश्किल है। जहां जरूरत होती है, टीम को हर उपकरण उपलब्ध कराया जाता है। हॉटस्पॉट में ज्यादा सक्रियता बरतने के निर्देश हैं।