बदौसा। अलाव ताप रहे चचेरे भाई को लाठी-डंडों से पीटकर मौत के घाट उतार देने के नामजद आरोपी प्रधान के पति और उसके पुत्रों तथा प्रधान को पुलिस दूसरे दिन भी गिरफ्तार नहीं कर सकी। सभी फरार हैं। उधर, मृतक के परिजन खौफ में हैं कि आरोपी उन पर भी कोई वारदात अंजाम न दे दें। पुलिस का कहना है कि जल्द ही गिरफ्तारी होगी।
रविवार को शाम बदौसा थाना क्षेत्र के जमरेही पुरवा (पौहार) में अलाव ताप रहे उमादत्त यादव (40) पुत्र चुनुबाद को ताबड़तोड़ लाठी-डंडों के हमले में मरणासन्न कर दिया गया था। अलाव में गिरने से वह झुलस भी गया था। जिला अस्पताल में इलाज से पहले उसकी मौत हो गई।
मृतक के पुत्र रामभजन ने अपनी ही चाची और मौजूदा ग्राम प्रधान सियादुलारी तथा उसके पति छेदीलाल सहित पुत्र रामनरेश, सोनू व खुशीलाल और एक अन्य के विरुद्ध हत्या सहित कई धाराओं की रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए मृतक के परिजनों ने सोमवार को शाम बदौसा थाने के सामने शव रखकर प्रदर्शन भी किया था।
एसडीएम सौरभ शुक्ला और क्षेत्राधिकारी रोहित यादव के समझाने और अभियुक्तों की गिरफ्तारी का भरोसा दिलाने के बाद परिजनों ने उमादत्त के शव का अंतिम संस्कार किया। परिजनों ने आशंका जताई कि आरोपी उन पर भी कोई घटना अंजाम दे सकते हैं। उधर, थानाध्यक्ष रामनरेश प्रजापति ने बताया कि कोशिश जारी है। जल्द ही आरोपी गिरफ्तार होंगे। उधर, क्षेत्र में यह भी चर्चा है कि आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ चुके हैं। फिलहाल पुलिस पुष्टि नहीं कर रही।