चित्रकूटधाम मंडल में बिजली कर्मचारियों की हड़ताल 22 घंटे बाद खत्म हो गई। पावर कारपोरेशन के अधिकारियों और बिजली कर्मचारी संघ नेताओ के बीच देर रात तक चली बातचीत के बाद हड़ताल खत्म की गई।
संघ नेताओं ने चेतावनी दी कि हुए समझौतों पर अमल नहीं हुआ तो अगले माह फिर हड़ताल होगी। संविदा कर्मियों से संबंधित चार मुख्य मांगों के समर्थन में उत्तर प्रदेश बिजली कर्मचारी संघ ने चित्रकूटधाम मंडल के चारों जनपदों बांदा, हमीरपुर, चित्रकूट, महोबा में 3 फरवरी की आधी रात से हड़ताल कर दी थी।
लगभग 700 संविदा और स्थायी कर्मचारी हड़ताल पर चले गए थे। चारों जनपदों में कर्मचारियों ने धरने भी दिए। दोपहर को बांदा मेें हुई समझौता बातचीत बेनतीजा रही। देर शाम मुख्य अभियंता आरके जैन सहित अन्य अधिकारियों के साथ संघ नेताओं की फिर बातचीत शुरू हुई।
अधीक्षण अभियंता हरिमोहन एवं एके सक्सेना, चारों जनपदों के एक्सईएन कमलेश कुमार, समरनाथ, नेकीराम और सुनीलचंद्र श्रीवास्तव के साथ खंड के जोनल मंत्री मोहम्मद सुभान सहित, अमीनुद्दीन, मोहन स्वरूप श्रीवास्तव, आलोक शर्मा, नसीम खां, शब्बीर अहमद, जुनैद, आशीष सक्सेना, अनिल यादव, सुरेश सिंह, खुर्शीद आदि के बीच देर रात तक चली बातचीत के बाद समझौता हो गया।
संघ ने बुधवार की रात करीब 10 बजे 22 घंटे बाद हड़ताल वापस ले ली। संघ के मीडिया प्रभारी आलोक शर्मा ने बताया कि संविदा कर्मियों को बकाया 7 माह का वेतन इसी माह दिए जाने, ईपीएफ खाता खुलवाकर काटी गई राशि जमा करने, अकारण हटाए गए कर्मियों को 15 दिन में बहाल करने, परिचय पत्र एक माह में जारी करने, प्रमोशन, वेतनमान, स्थायीकरण 15 दिन में पूरा करने और हड़ताल में शामिल रहे किसी कर्मी का उत्पीड़न न किए जाने पर समझौता हुआ है।