बांदा। शहर में स्थित पुरातत्व संरक्षित स्मारक नवाबी जामा मस्जिद की संरक्षित और अधिसूचित भूमि पर बनीं दुकानें और अतिक्रमण हटाने के लिए पुरातत्व विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) ने नगर पालिका परिषद, बांदा को पत्र जारी कर केन्द्रीय संरक्षित स्मारक से अनाधिकृत दुकानों और अतिक्रमण तत्काल हटाने के लिए कहा है।
भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण, झांसी मंडल के अधीक्षण पुरातत्वविद ने नगर पालिका परिषद अधिशासी अधिकारी को भेजे पत्र में कहा कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण देश में पुरातात्विक तथा ऐतिहासिक महत्व वाले स्मारकों/स्थलों के संरक्षण एवं परिरक्षण के लिए सदैव उत्तरदायी है। झांसी मंडल (बुंदेलखंड) में 172 केन्द्रीय संरक्षित स्मारक हैं। इनमें बांदा की जामा मस्जिद भी शामिल है। कहा है कि हमारी राष्ट्रीय एवं सांस्कृतिक विरासत की रक्षा के लिए इस स्मारक (जामा मस्जिद) का रख रखाव और संरक्षण अनिवार्य है।
पुरातत्व अधीक्षणविद डॉ. इजहार आलम हाशमी द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि पुरातत्व विभाग के उप सर्किल प्रभारी ने अवगत कराया है कि कुछ लोगों ने अनाधिकृत/अवैध कब्जे करके तथा बोर्ड लगाकर स्मारक स्थल जामा मस्जिद के फुटपाथ (पैदल मार्ग) को भी अवरुद्ध कर दिया है। अधीक्षणविद ने अधिशासी अधिकारी से कहा है कि केन्द्रीय संरक्षित स्मारक से अनाधिकृत दुकानों और अतिक्रमण को हटाने के लिए तत्काल कार्रवाई करें।