बांदा। बुंदेलखंड में बिजली आपूर्ति व्यवस्था का प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने गुरुवार को वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये यहां के जनप्रतिनिधियों और पावर कार्पोरेशन अधिकारियों से जायजा लिया। निर्देश दिए कि कार्पोरेशन के अधिकारी और कर्मचारी लॉकडाउन में संवेदनशीलता से काम करें और कार्पोरेशन व सरकार की छवि बनाएं। कहा कि कार्पोरेशन के वॉरियर्स/ऊर्जा परिवार की प्रशंसा की जा रही है।
ऊर्जा मंत्री लखनऊ स्थित शक्ति भवन में बैठकर बुंदेलखंड के सांसद, विधायक आदि जनप्रतिनिधियों से वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये रूबरू हुए। कार्पोरेशन के अभियंता भी शामिल रहे। मंत्री ने जनप्रतिनिधियों के सुझाव और शिकायतों को एक हफ्ते में निस्तारित करने के निर्देश दिए। कहा कि जहां काम चल रहा है, वहां तेजी लाई जाए।
जो सब स्टेशन पूरे हो गए हैं उन्हें लोकार्पण की रस्म अदायगी का इंतजार किए बिना चालू करें। प्रदेश में बिजली की कोई कमी नहीं है। आपूर्ति में बाधा नहीं आना चाहिए। प्रबंध निदेशकों को निर्देश दिए गए हैं कि वह सुरक्षा मानकों की निगरानी करें। अधिकारियों ने कहा कि सोशल मीडिया से भी उपभोक्ताओं की शिकायतें सुनें।
1912 कॉल पर आने वाली शिकायतों का निस्तारण किया जाए। वीडियो कांफ्रेसिंग में सांसद आरके सिंह पटेल, विशंभर प्रसाद निषाद, विधायक प्रकाश द्विवेदी, राजकरन कबीर, चंद्रपाल कुशवाहा, बृजेश प्रजापति सहित कार्पोरेशन के मुख्य अभियंता केके भारद्वाज, अधीक्षण अभियंता शैलेंद्र कुमार, अधिशासी अभियंता (नगर) देवव्रत आर्या और अधिशासी अभियंता (ग्रामीण) अजय कुमार सविता सहित सहायक अभियंता आदि सभी ने प्रतिभाग किया।
मंडल के उपभोक्ताओं के बिजली बिल माफ हों
बांदा। वीडियो कांफ्रेसिंग में राज्यसभा सांसद विशंभर प्रसाद निषाद ने ऊर्जा मंत्री से मांग की कि चित्रकूटधाम मंडल के सभी घरेलू और निजी नलकूप उपभोक्ताओं के बिजली बिल माफ किए जाएं। सभी जर्जर लाइनें बदली जाएं। जसपुरा, काना खेड़ा, पलरा फीडर के ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाई जाए।
कहा कि सामान्य योजना में नवंबर 2019 से यहां के लगभग 500 किसानों के निजी नलकूप के कनेक्शन बाकी हैं। सांसद ने तिंदवारी क्षेत्र के कई मजरों और गांवों में दीनदयाल ग्राम ज्योति योजना से विद्युतीकरण की मांग की। मंत्री से यह भी कहा कि बिजली विभाग के सभी कर्मियों का एक करोड़ का बीमा किया जाए। अन्य राज्यों में फंसे चित्रकूट मंडल के मजदूरों को वापस लाने की व्यवस्था की जाए।