आरोपी को मीडिया के समक्ष लाते अपर एसपी एलबीके पाल।
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पुलिस ने अवैध असलहे बनाने की फैक्टरी पकड़ी है। यहां से बने और अधबने 23 तमंचे और उपकरण बरामद किए हैं। एक व्यक्ति को रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया, जबकि दूसरा फरार हो गया। दो अन्य को गिरफ्तार कर उनके पास तमंचा और अवैध शराब बरामद की।
सोमवार को पुलिस लाइन सभागार में अपर पुलिस अधीक्षक लालभरत कुमार पाल ने मीडिया को बताया कि बिसंडा थाना पुलिस ने पल्हरी गांव के बढ़ई का पुरवा में रविवार की शाम छापा मारकर यहां लंबे अरसे से चल रही अवैध शस्त्र फैक्टरी पकड़ी है। देवपाल निषाद उर्फ पड़ेरी पुत्र सूरजपाल को रंगेहाथ गिरफ्तार कर 315 बोर के 19 तमंचे और 12 बोर के 3 तमंचे तथा एक अधबना तमंचा बरामद किया।
असलहे बनाने के उपकरण भी हाथ लगे। अपर एसपी ने बताया कि एक अन्य अभियुक्त राकेश कुमार विश्वकर्मा पुत्र जगमोहन (बढ़ई पुरवा) भाग निकला। पुलिस के मुताबिक देवपाल उर्फ पड़ेरी लंबे समय से जगह बदल-बदलकर तमंचे की फैक्ट्री चला रहा था। इसके पूर्व 11 जून को बबेरू क्षेत्र के निभौर गांव में अपने साथी राममहेश निषाद (फतेहपुर) के साथ तमंचा फैक्ट्री चलाते हुए पुलिस के छापे में भाग निकला था। उसका साथी राममहेश बबेरू पुलिस द्वारा पकड़ा गया था।
पुलिस दो सालों से उसकी गिरफ्तारी का प्रयास कर रही थी। बताया कि गिरफ्तार हुए देवपाल के विरुद्ध बबेरू और बिसंडा थानों में 8 आपराधिक केस दर्ज हैं। जिनमें गुंडाएक्ट और शस्त्र अधिनियम शामिल हैं। गिरफ्तार करने वाली टीम में बिसंडा एसएचओ आनंद कुमार सिंह, एसआई विनोद कुमार सिंह सहित कांस्टेबिल नागेंद्र प्रताप, शिवगणेश यादव, शैलेंद्र कुमार राय, प्रदीप कुमार, रामसुभग, गंगाराम, इंद्रजीत सिंह, विनीत कुमार शामिल रहे। पुलिस अधीक्षक ने इस टीम को 10 हजार रुपये इनाम दिए हैं। थाना अध्यक्ष आनंद कुमार सिंह ने बताया कि दलालों के माध्यम जिले में ही तमंचे बेचता था।