बसपा से बबेरू विधानसभा क्षेत्र के लिए घोषित
प्रत्याशी आनंद यादव का दिल का दौरा पड़ने से मंगलवार की सुबह निधन हो गया।
वे लगभग 55 वर्ष के थे। खबर फैलते ही उनके आवास पर बड़ी संख्या में
बसपाइयों और अधिवक्ताओं का तांता लगा रहा। अंतिम संस्कार गुरुवार (6 अगस्त)
को होगा।
पूर्व विधायक देव कुमार यादव के पुत्र आनंद यादव 1989 से
वकालत कर रहे थे। 1991 में वे जेएन पीजी डिग्री कालेज छात्रसंघ अध्यक्ष भी
रहे। कई संगठनों में सक्रिय रहे।
वर्ष 2013 में बसपा में शामिल हो
गए। कुछ माह पहले बसपा हाईकमान ने उन्हें अगले विधानसभा चुनाव के लिए
बबेरू विधानसभा क्षेत्र से प्रत्याशी घोषित किया था। बुधवार की सुबह 10 बजे
घर में स्नान कर रहे थे, इसी दौरान बाथरूम में उन्हें दिल का दौरा पड़ा और
वे गिर पड़े।
परिजन उन्हें जिला अस्पताल ले गए। अथक कोशिशों के
बाद भी डाक्टर उन्हें बचा नहीं सके। वे अपने पीछे पत्नी और तीन पुत्र छोड़
गए हैं। निधन के समय पत्नी और तीनों पुत्र किसी कार्य से राजस्थान गए थे।
मृत्यु की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में बसपा नेता, अधिवक्ता व अन्य लोग शोक जताने सिविल लाइन स्थित उनके आवास पहुंचने लगे।
इनमेें
बसपा विधायक जीसी दिनकर, जिला पंचायत अध्यक्ष बल्देव वर्मा, बसपा जोनल
कोआर्डिनेटर नौशाद अली, मंडल कोआर्डिनेटर मोहम्मद इदरीश, मुमताज अली,
महेंद्र पाल वर्मा, लल्लू निषाद, आरके वर्मा, मोहम्मद यार खां, अधिवक्ता
संघ पूर्व अध्यक्ष शंकर सिंह गौतम, रामस्वरूप सिंह, रामबली सिंह, अध्यक्ष
जागेश्वर यादव, महासचिव प्रयागदत्त अवस्थी भी शामिल रहे।
अधिवक्ता
आनंद यादव की आकस्मिक मौत पर जिला अधिवक्ता संघ ने गहरा शोक जताने के साथ
ही अंतिम संस्कार के दिन 6 अगस्त को न्यायिक कार्य न करने का निर्णय लिया
है। संघ महासचिव प्रयागदत्त अवस्थी ने बताया कि गुरुवार को दोपहर 1:30 बजे
संघ की शोक सभा भी होगी। इसमें न्यायिक अधिकारी भी शरीक होंगे।