चित्रकूट। असंगठित मजदूर मोर्चा ने फतेहपुर जिले के गाजीपुर थाना के नरतौली गांव स्थित ईट के भट्टे में काम कर रहे 51 बंधुआ मजदूर इसमें 23 बाल मजदूर शामिल थे। इनको को पुलिस के मदद से छुड़ाने का कार्य किया।
यह जानकारी असंगठित मजदूर मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष दल सिंगार ने दी। शनिवार को उन्होेंने बताया कि फतहेपुर जिले के गाजीपुर थाना के नरतौली गांव स्थित एक ईट भट्टा के मालिक चित्रकूट जिले के मजदूरों को ईट भट्टा में काम करने के लिए ले गए। जहां जबरन मजदूरों से काम कराया जा रहा था। इसमें बाल मजदूर भी शामिल थे। रुपये मांगने के नाम पर मारने पीटने की धमकी दी जाती रही।इसकी जानकारी होने पर उन्होंने फतेहपुर सहित चित्रकूट के अधिकारियों को इसकी जानकारी दी। अधिकारियों के पहुंचने पर मजदूरों को छोड़ दिया गया। छुडाए गए मजदूरों में पुरवा तरौंहा निवासी राजाराम, सेमरदहा निवासी कविता, पथरहा निवासी अजय, सरैया निवासी रानी, कछारपुरवा निवासी मुन्नी, सेमरदहा निवासी बलवीर, आरती देवी, कसहाई गांव के सरवन, रोहन आदि मौजूद रहे।